CourtMesh

S.O.1242(E) 08.03.2019-Island Protection Zone Notification 2019

Central Notification · 198697,321 characters of text

The enactment

TypeNotification
Year1986
JurisdictionCentral
MinistryMinistry of Environment, Forest and Climate Change
StatusIn force as published by the source
TextPublished as one document, as the source published it
Subjectsproperty

Full text

The source publishes this enactment as a single document rather than provision by provision, so the whole text is below and there are no per-section pages for it. Nothing has been shortened.

1578 GI/2019 (1) jftLVªh laö Mhö ,yö&33004@99 REGD. NO. D. L.-33004/99 vlk/kj.k EXTRAORDINARY Hkkx II—[k.M 3—mi&[k.M (ii)

PART II—Section 3—Sub-section (ii) izkf/dkj ls izdkf'kr PUBLISHED BY AUTHORITY la- 1106] ubZ fnYyh] 'kqØokj] ekpZ 8] 2019@iQkYxqu 17] 1940 No. 1106] NEW DELHI, FRIDAY, MARCH 8, 2019/ PHALGUNA 17, 1940 पया�वरण, वन और जलवायुपया�वरण, वन और जलवायुपया�वरण, वन और जलवायुपया�वरण, वन और जलवायु प�रवत�न मं�ालयप�रवत�न मं�ालयप�रवत�न मं�ालयप�रवत�न मं�ालय अिधसूचनाअिधसूचनाअिधसूचनाअिधसूचना नई �द�ली, 8 माच , 2019 का.आ. का.आ. का.आ. का.आ. 1242124212421242(अ).(अ).(अ).(अ).———— त� कालीन पया वरण और वन मं�ालय म� भारत सरकार क� अिधसूचना सं या का.आ. 20 (अ) तारीख 6 जनवरी, 2011 (िजसे इसम� इसके प& चात 'ीप संर(ण (े� अिधसूचना, 2011 कहा गया ह)ै 'ारा क� 0ीय सरकार ने पया वरण (संर(ण) अिधिनयम, 1986 क� धारा 3 के अधीन अंडमान एवं िनकोबार और ल('ीप के कुछ तटीय (े�8 को 'ीप संर(ण (े� (इसम� इसके प& चात आइपीजेड कहा गया ह)ै घोिषत �कया था; और पया वरण, वन और जलवायु प>रवत न मं�ालय को सम0ुी तथा तटीय पा>रि?थितक�य तं�8 के @बंधन एवं संर(ण, तटीय (े�8 म� िवकास, पा>रि?थितक�य-पय टन, तटीय (े�8 म� रहने वाले समुदाय8 क� जीिवका के िवक� प8 तथा वहनीय िवकास इ� या�द के संबंध म� आइपीजेड अिधसूचना, 2011 म� कुछ उपबंध8 के बारे म� अB य पणधा>रय8 के अित>रC त, ल('ीप और अंडमान एवं िनकोबार संघ राD य (े�8 से अE यावेदन @ाF त Gए हH; और िविभB न पणधा>रय8 ने पया वरण, वन और जलवायु प>रवत न मं�ालय से आइपीजेड अिधसूचना, 2011 के संदभ म� तटीय पया वरण और वहनीय िवकास से संबंिधत IचंताJ का िनराकरण करने का आKह �कया ह;ै पया वरण, वन और जलवायु प>रवत न मं�ालय ने आइपीजेड अिधसूचना, 2011 के संबंध म� िविभB न मLु8 तथा तटीय राD य8/संघ राD य (े�8 और िविभB न पणधा>रय8 क� IचंताJ क� जांच पड़ताल करने और उC त अिधसूचना म� समुिचत प>रवत न �कए जाने क� िसफा>रश करने के िलए डॉ. शलेैश नायक क� अS य(ता म� एक सिमित का गठन �कया था; डॉ. शैलेश नायक 'ारा @? तुत क� गई >रपोट क� मं�ालय म� जांच क� गई ह ैऔर इस संबंध म� िविभB न पणधा>रय8 के साथ परामश �कए गए हH;

2 THE GAZETTE OF INDIA : EXTRAORDINARY [PART II—SEC. 3(ii)] अत: अब पया वरण (संर(ण) अिधिनयम, 1986 क� धारा 3 क� उपधारा (2) क� उपधारा (1) और खंड (v) 'ारा @द� त शि[य8 का @योग करते Gए और 'ीप संर(ण (े� अिधसूचना 2011, सं या का.आ. 20 (अ), तारीख 6 जनवरी, 2011 का अिध\मण करते Gए, ऐसे अिध\मण से पूव �कए गए या करने से रह गए काय के िसवाए, केB 0ीय सरकार तटीय (े�8 म� मछुआरा समदुाय8 और अB य ? थानीय समुदाय8 क� आजीिवका क� सरु(ा और @ाकृितक जोिखम8, _ लोबल वा`मaग के कारण समु0 ? तर म� वृिb के खतर8 को S यान म� रखते Gए वैcािनक िसbांत8 पर आधा>रत सतत िवकास को बढ़ावा दनेे के अित>रC त, तटीय (े�8 और समु0ी (े�8 के अि'तीय पया वरण के सरं(ण और सुर(ा के उLे& य से एतद'ारा अंडमान एवं िनकोबार म� आठ बड़ ेमहासागरीय 'ीप8 अथा त् मS य अंडमान, उ� तरी अंडमान, दि(णी अंडमान, Kेट िनकोबार, बारातांग, हवेलॉक, िल>टल अंडमान, कार िनकोबार, नील और लfग 'ीप दशे के तटीय (े�8 और दशे क� (े�ीय जल सीमा तक के जल (े� को 'ीप तटीय िविनयमन (े� (यहां इसके बाद आइसीआरजेड के gप म� िनhद i ट) के gप म� िनj नवत घोिषत करती ह:ै (i) समूह-I 'ीप समूह8 के िलए उk च D वार रेखा (िजस ेइसम� इसके प& चात् एचटीएल के gप म� िनhद i ट) से लेकर समु0 तट के समानांतर भिूम क� ओर अिभमुख 200 मीटर का भ-ू(े� और समूह-II 'ीप समूह8 के िलए समु0 तट के समानांतर भिूम क� ओर अिभमुख 100 मीटर का भ-ू(े�। (ii) अंडमान और िनकोबार (आईसीआरजेड 'ीप समूह8) म� आठ बड़ े महासागरीय 'ीप8 को िनj निलिखत समूह8 म� रखा जाएगा; समूह-I: 1000 वग �क.मी. से अिधक भौगोिलक (े�फल वाले 'ीप जैस ेदि(णी अंडमान, मS य अंडमान, उ� तरी अंडमान और Kेट िनकोबार। समूह-II: 100 वग �क.मी. से अिधक oकंतु 1000 वग �क.मी. स ेकम भौगोिलक (े�फल वाले 'ीप जैस ेबाराटांग, िल>टल अंडमान, हवैलोक और कार-िनकोबार। ? पi टीकरण -इस अिधसूचना के उLे& य हतुे, एचटीएल से भिूम पर वह रेखा अिभ@ेत ह ैजहां तक उ� पB न होने वाले D वार के दौरान उk चतम जल रेखा पGचंती ह,ै जैसा�क िनधा >रत @�\याJ के अनुसार राi pीय सतत तटीय @बंधन केB 0 (एनसीएससीएम) या पया वरण, वन और जलवायु प>रवत न मं�ालय 'ारा अिधकृत �कसी अिभकरण 'ारा सीमां�कत �कया गया ह।ै (iii) (क) आइसीआरजेड समु0 से जुड़ े उन भ-ू(े�8 पर लागू होगा जो D वारीय @भाव वाले जल िनकाय8 के �कनारे भिूम क� ओर अिभमुख भाग पर एचटीएल स े 20 मीटर या सकंरी खाड़ी (\�क) क� चौड़ाई, जो भी कम हो, के बीच ि?थत भ-ू(े� हH तथा िजस दरूी तक ऐस े @भाव वाले जल िनकाय8 के �कनारे िवकासा� मक काय कलाप8 को िविन यिमत �कया जाना ह,ै उसका आकलन उस दरूी, जहां तक D वार के @भाव, िजसका िनधा रण वष क� शुi कतम अविध के दौरान मापी गई पांच @ित हजार (पीपीटी) भाग8 क� लवणीय सां0ता के आधार पर �कया जाएगा, महसूस �कए जाते हH, के अनुसार �कया जाएगा और िजस दरूी तक D वारीय @भाव महसूस �कए जाते हH उसे तदनुसार 'ीप तटीय (े�ीय जोन योजनाJ (इसम� इसके प& चात् आइसीआरजेड योजनाJ के gप म� उि�लिखत) म� ? पi ट gप से अिभcात तथा सीमां�कत �कया जाएगा। ¹Hkkx IIµ[k.M 3(ii)º Hkkjr dk jkti=k % vlk/kj.k 3 (ख) D वार @भािवत जल िनकाय8 से सटे आइसीआरजेड क� इस @कार िनधा >रत दरूी को तदनसुार 'ीप तटीय जोन @बंधन योजनाJ (िजस ेइसम� इसके बाद आइसीआरजेडपी के gप म� िनhद i ट) म� सीमां�कत �कया जाएगा। (ग) तथािप, यथोC त \�क इ� या�द स े लगी आइसीआरजेड सीमा, इस अिधसूचना, िजसे उिचत परामशq @�\या/जनसुनवाई इ� या�द के साथ तैयार �कया गया ह,ै के अनुसार संबंिधत आइसीआरजेड योजनाJ के सशंोधन तथा अिBतम अनुमोदन और इसम� सूचीबb पया वरणीय सुर(ोपाय8 के अS यधीन होगी। इस अिधसूचना क� आइसीआरजेड योजनाJ का अनुमोदन होने तक, 100 मीटर या \�क क� चौड़़ाई क� सीमा, जो भी कम हो, लागू होगी। ? पi टीकरण :- (क) इस उप पैरा के @योजनाथ D वार @भािवत जल िनकाय8 का अथ है खाड़ी, नदी महुाना, नदी, \�क, बैकवाटर, लैगून और तालाब इ� या�द म� सम0ु के D वारीय @भाव8 से @भािवत जल िनकाय। (iv) अंतर-D वारीय (े� अथा त् एचटीएल तथा िनj न D वारीय रेखा (िजसे इसम� इसके बाद एलटीएल कहा गया ह)ै के मS य ि?थत भूिम (े�। (v) D वार से @भािवत जल िनकाय8 के िलए, समु0 और जल के मामले म� एलटीएल स े(े�ीय जल सीमा (12 समु0ी मील) के मध् य जल एवं तल (े� और भ-ू(े� के �कनारे पर एलटीएल के बीच के (े� �कनारे क� िवपरीत �दशा म� एलटीएल तक का तल (े�। 2.2.2.2. आइसीआरजेड का वग�करण आइसीआरजेड का वग�करण आइसीआरजेड का वग�करण आइसीआरजेड का वग�करण –––– तटीय (े�8 और समु0ी जल के संर(ण और सुर(ा के @योजनाथ आइसीआरजेड (े� को िनj नवत वगqकृत �कया जाएगा, अथा त् :- (i) आइसीआरजेड आइसीआरजेड आइसीआरजेड आइसीआरजेड ----।।।। (े� पया वरण क� दिृs से सवा िधक संवेदनशील हH और इB ह� आगे िनj नवत् वगqकृत �कया जाएगा: (ii) (ii) (ii) (ii) ---- आइसीआरजेडआइसीआरजेडआइसीआरजेडआइसीआरजेड----I I I I क: क: क: क: (क) आई-सीआरजेड-।क म� पा>रि?थितक� क� दिृs से संवेदनशील (ईएसए) और भ-ूआकृित क� िवशेषताJ वाले िनj निलिखत (े� शािमल ह8गे, जो तट क� अखंडता को बरकरार रखने म� भूिमका िनभाते हH अथा त् : (i) कk छ वन? पित । य�द कk छ वन? पित (े� 1000 वग मीटर स ेअिधक ह ैतो कk छ वन? पित के �कनारे 20 मीटर के (े� को बफर (े� के gप म� उपलt ध कराया जाएगा और ऐसे (े� म� सीआरजेड-I क भी शािमल होगा। (ii) @वाल और @वाल िभिu; (iii) बालू के टीले; (iv) जैिवक gप से स�\य नमभिूम (मडvलैट); (v) जैवमंडल >रजवw सिहत वB यजीव (संर(ण) अिधिनयम, वन (संर(ण) अिधिनयम या पया वरण (संर(ण) अिधिनयम के उपबंध8 के अB तग त राi pीय उxान, समु0ी पाक , अभयारy य, >रजव वन, वB यजीव पया वास और अB य संरि(त (े�; (vi) लवणीय दलदल; (vii) कछुआ @जनन ? थल; (viii) हॉस -शू केकड़े का पया वास;

4 THE GAZETTE OF INDIA : EXTRAORDINARY [PART II—SEC. 3(ii)]

(ix) समु0ी घास का मदैान; (x) समु0ी शैवाल; (xi) पि(य8 के @जनन का ? थान; (xii) पुराताि�वक मह� व के (े� या संरचनाएं और धरोहर ? थल । (ख) अनुबधंअनुबधंअनुबधंअनुबधं----।।।। म� यथािनिहत और आइसीआरजेड म� एक�कृत �दशािनदzश8 के आधार पर राi pीय सतत तटीय @बंधन केB 0 (एनसीएससीएम) 'ारा यथा मानिचि�त संबंिधत (े�8 म� ऐस ेपा>रि?थितक� क� दिृs से संवेदनशील (े�8 के िलए संघ राD य (े�8 'ारा एक िव? तृत पया वरण @बंधन योजना बनाई जाएगी। (iii) सीआरजेडसीआरजेडसीआरजेडसीआरजेड----।।।। ख:ख:ख:ख: अंतर-D वारीय (े� अथा त् िनj न D वार रेखा और उk च D वार रेखा के बीच का (े� आइसीआरजेड-।ख म� शािमल होगा । (iv) आइसीआरजेडआइसीआरजेडआइसीआरजेडआइसीआरजेड----।।।।।।।। (क) आइसीआरजेड-।। म� िवxमान नगरीय सीमाJ या अB य िवxमान कानूनी gप से अिधकृत शहरी (े�8 जो िब� टअप F लॉट8 से 50 @ितशत से अिधक होते Gए कुल F लॉट8 के अनपुात के साथ पया F त िब� टअप ह8 और जहां {ेनेज तथा सj पक सड़क8 और अB य अवसंरचना� मक सुिवधाएं जैस ेजलापू|त और मल-} ययन आ�द क� } यव? था क� गई हो, के अB दर तटरेखा तक या इसके समीप िवकिसत भिूम (े� शािमल ह8गे। (ख) आईसीआरजेड II म� ि?थत सकंरी खाि़डय8 (\�क8) या D वार के @भाव वाले जल-िनकाय8 के �कनारे ि?थत भ-ू(े�8 को भी आईसीआरजेड II के gप म� िचिBहत �कया जाएगा और िजस दरूी तक D वारीय @भाव वाले जल िनकाय8, जो समु0 से जुड़ ेहH, के �कनारे भूिम क� ओर अिभमुख भाग पर एचटीएल से 20 मीटर या सकंरी खाड़ी (\�क) क� चौड़ाई, जो भी कम हो, के बीच ि?थत भ-ू(े� के gप म� आईसीआरजेड का आकलन �कया जाना ह ैऔर िजस दरूी तक ऐस ेD वारीय @भाव वाले जल िनकाय8 के �कनारे िवकासा� मक काय कलाप8 को िविन यिमत �कया जाना ह,ै उसका आकलन उस दरूी, जहां तक D वार के @भाव, िजसका िनधा रण वष क� शुi कतम अविध के दौरान मापी गई पांच @ित हजार (पीपीटी) भाग8 क� लवणीय सां0ता के आधार पर �कया जाएगा, महसूस �कया जाते हH, के अनुसार �कया जाएगा और िजस दरूी तक D वारीय @भाव महसूस �कए जाते हH उसे तदनुसार 'ीप तटीय (े�ीय जोन योजनाJ (इसम� इसके प& चात् आइसीआरजेड योजनाJ के gप म� उि�लिखत) म� ? पi ट gप से अिभcात तथा सीमां�कत �कया जाएगा। (v)(v)(v)(v) आइसीआरजेडआइसीआरजेडआइसीआरजेडआइसीआरजेड----।।।।।।।।।।।। ऐसे भूिम (े� जो अपे(ाकृत अह? त(ेिपत (अथा त Kामीण (े� इ� या�द) हH और जो आइसीआरजेड-।। के अB तग त नह~ आते हH, आइसीआरजेड-।।। म� शािमल ह8गे। समूह I 'ीप समूह8 के िलए: ? पi टीकरण - भिूम क� ओर वाल ेभाग पर एचटीएल से 100 मीटर तक के (े� को ‘नो डवेलपम�ट जोन (एनडीजेड)’ के gप म� िनधा >रत �कया जाएगा। परंतु यह �क पा>रि?थितक�य-पय टन काय कलाप के िवकास के िलए एनडीजेड 50 मीटर होगा और अंडमान एवं िनकोबार @शासन यह सिुनि�त करे �क मछुआरा समुदाय के िहत8 क� पूण त: र(ा हो। समूह II 'ीप समूह8 के िलए: भिूम क� ओर वाले भाग पर एचटीएल से 50 मीटर तक के (े� को ‘नो डवेलपम�ट जोन (एनडीजेड)’ के gप म� िनधा >रत �कया जाएगा। ¹Hkkx IIµ[k.M 3(ii)º Hkkjr dk jkti=k % vlk/kj.k 5 परंतु यह �क पा>र-पय टन काय कलाप के िवकास के िलए एनडीजेड 20 मीटर होगा और अंडमान एवं िनकोबार @शासन यह सुिनि�त करे �क मछुआरा समदुाय के िहत8 क� पूण त: र(ा हो। (vi) आईसीआरजेड III म� ि?थत एचटीएल से 20 मीटर तक या \�क क� चौड़ाई जो भी कम हो, के भ-ू(े� को भी एनडीजेड के gप म� िचिBहत �कया जाएगा और िजस दरूी तक D वारीय @भाव वाले जल िनकाय8, जो समु0 से जुड़ ेहH, के �कनारे भूिम क� ओर अिभमुख भाग पर एचटीएल से 20 मीटर या सकंरी खाड़ी (\�क) क� चौड़ाई, जो भी कम हो, के बीच ि?थत भ-ू(े� के gप म� एनडीजेड का आकलन �कया जाना ह ैऔर िजस दरूी तक ऐसे D वारीय @भाव वाले जल िनकाय8 के �कनारे िवकासा� मक काय कलाप8 को िविन यिमत �कया जाना ह,ै उसका आकलन उस दरूी, जहां तक D वार के @भाव, िजसका िनधा रण वष क� शुi कतम अविध के दौरान मापी गई पांच @ित हजार (पीपीटी) भाग8 क� लवणीय सां0ता के आधार पर �कया जाएगा, अनुभव �कये जाते हH, के अनुसार �कया जाएगा और िजस दरूी तक D वारीय @भाव अनुभव �कए जाते हH उस ेतदनुसार 'ीप तटीय (े�ीय जोन योजनाJ (िजस ेइसम� इसके प& चात् आइसीआरजेड योजनाJ कहा गया ह)ै म� ? पi ट gप से अिभcात तथा सीमां�कत �कया जाएगा। �ट� प�ट� प�ट� प�ट� पणणणण :::: एनडीजेड अिधसिूचत बंदरगाह क� क� सीमाJ के अदंर आने वाले (े�8 पर लागू नह~ होगा। (vii) (vii) (vii) (vii) आइसीआरजेडआइसीआरजेडआइसीआरजेडआइसीआरजेड----IVIVIVIV:::: आइसीआरजेड-IV म� जल (े� शािमल ह8गे और इB ह� आगे िनj नवत वगqकृत �कया जाएगा: (viii)(viii)(viii)(viii) आइसीआरजेडआइसीआरजेडआइसीआरजेडआइसीआरजेड----IV IV IV IV क क क क ---- समु0 क� ओर वाले भाग पर बारह (12) समु0्ी मील तक िनj न D वार रेखा के बीच जल (े� और समु0 तल (े� आइसीआरजेड-IV क म� शािमल ह8गे। (ix) आइसीआरजेडआइसीआरजेडआइसीआरजेडआइसीआरजेड----IV IV IV IV खखखख ---- सीआरजेड-IV ख (े�8 म� D वार स े@भािवत जल िनकाय8 के �कनारे पर एलटीएल और D वार के @भाव अथा त् वष के शुi कतम मौसम के दौरान पांच भाग @ित हजार (पीपीटी) क� लवy यता तक समु0 म� जल िनकाय के मुहाने से िव? तृत होकर �कनारे क� िवपरीत �दशा म� एलटीएल के बीच जल (े� और तल (े� शािमल ह8गे। 3.3.3.3. आइसीआरजेड के भीतर ितआइसीआरजेड के भीतर ितआइसीआरजेड के भीतर ितआइसीआरजेड के भीतर ितिष#िष#िष#िष# $%याकलाप $%याकलाप $%याकलाप $%याकलाप ---- सामाB यत: िनj निलिखत �\याकलाप को पूरे आसीआरजेड म� @ितिषb �कया जाएगा। तथािप, इनके अपवाद तथा िविनhद i ट सीआरजेड �िेणय8, जैसे आईसीआरजेड-।, ।।, ।।। और IV म� अनुम� य/ िविनयिमत अB य �\याकलाप को इस अिधसूचना के पैरा 5 के अधीन उपबंध8 के 'ारा शािसत �कया जाएगा। (i) @वाल8 का नi ट �कया जाना। (ii) @वाल (े�8, ? थानीय तथा संकटापB न @जाितय8 के आवास तथा @जनन ? थल8 म� और इनके आस-पास रेत का खनन । (iii) @वाल8 के समु0 क� ओर वाले भाग पर तट संर(ण काय (पC का िनमा ण)। (iv) नये उxोग8 क� ? थापना और िवxमान उxोग8, @चालन8 या @�\याJ का िव? तार। (v) पया वरण, वन और जलवायु प>रवत न मं�ालय क� अिधसूचना म� यथा िविनhद i ट, तेल का िविनमा ण या हथालन, खतरनाक पदाथw का भंडारण या िनपटान। (vi) नई म� ? य @सं? करण इकाइय8 को ? थािपत �कया जाना। (vii) भिूम सुधार, समु0ी जल के ? वभािवक @वाह पर बंध लगाया जाना या उसम� बाधा डालना। (viii) उxोग8, शहर8 या नगर8 तथा अB य मानवीय बि?तय8 से अशोिधत अपिशi ट और बिह:�ाव8 का छोड़ा जाना। 6 THE GAZETTE OF INDIA : EXTRAORDINARY [PART II—SEC. 3(ii)]

(ix) भिूम-भराव के @योजन स े सि�मा ण का मलबा, औxोिगक ठोस अपिशi ट, vलाईएश सिहत शहर या नगर के अपिशs का डलाव। (x) तट के अिधक कटाव वाले (े�8 म� बंदरगाह और पोता�य। (xi) रेत, च�ान8 तथा िनचली सतह8 म� अB य सामिKय8 का खनन। (xii) स�\य रेत टील8 क� छंटाई या उनम� बदलाव। (xiii) जल @णाली और समु0ी जीव जीवन क� सुर(ा के िलए तटीय जल (े�8 म� F लाि?टक का िनपटान @ितिषb �कया जाएगा। आइसीआरजेड म� F लाि?टक सामKी के @बंधन और िनपटान के िलए पया F त उपाय �कये जाएंगे। (xiv) भ-ूजल का िनi कासन। 4444.... आइसीआरजेड म& अनु(ये $%याकलाप का िविनयमनआइसीआरजेड म& अनु(ये $%याकलाप का िविनयमनआइसीआरजेड म& अनु(ये $%याकलाप का िविनयमनआइसीआरजेड म& अनु(ये $%याकलाप का िविनयमन (i)(i)(i)(i) आइसीआरजेडआइसीआरजेडआइसीआरजेडआइसीआरजेड----। । । । (ii)(ii)(ii)(ii) आइसीआरजेडआइसीआरजेडआइसीआरजेडआइसीआरजेड————। क । क । क । क ---- यह (े� पा>रि?थितक gप से अ� यिधक संवेदनशील हH और सामाB य gप स ेआइसीआरजेड-। क (े�8 म� िनj निलिखत अपवाद8 सिहत, कोई �\याकलाप नह~ �कया जाएगा: (क) इस अिधसूचना के अनुसार, अनुमो�दत आइसीआरजेड म� िनhद i ट, ऐसी पा>र-पय टन योजना के अS यधीन,अिभcात (े�8 म� कk छ भिूम �मण, वृ( कुटीर, @ाकृितक माग इ� या�द जैसे पा>र- पय टन �\याकलाप, िजB ह� उिचत परामशq @�\या/ जन सुनवाई के प& चात तैयार �कया गया हो और आइसीआरजेड योजना म� यथा सूचीबb, पा>रि?थितक gप से संवेदनशील (े�8 से संबंिधत पया वरणीय सुर(ोपाय8 और सावधािनय8 के अS यधीन। (ख) कk छ भिूम बफर (े� म� केवल ऐसे �\याकलाप जैसे पाइप लाइन8, पारेषण लाइन8 का िबछाया जाना, वाहन @णािलय8/ तं�8 तथा खंभ8 इ� या�द पर सड़क का सि�मा ण, िजनक� जन उपयोिगताJ म� आव& यकता पड़ती ह,ै क� अनुमित दी जाएगी। (ग) आइसीआरजेड-। क (े�8 म� सधुार के 'ारा सड़क8 और खंभ8 पर बनायी जाने वाली सड़क8 क� अनुमित केवल आपवा�दक मामल8 म� र(ा, रणनीितक @योजन8 और जन उपयोिगताJ के िलए, एक t यौरे-वार समु0ी या पृ� वी पया वरण @भाव आकलन या दोन8 के अS यधीन दी जाएगी िजसक� िसफा>रश तटीय (े� @बंधन @ािधकरण (सीजेडएमए) 'ारा क� गई हो और िजसक� पया वरण, वन और जलवायु प>रवत न मं�ालय 'ारा ? वीकृित दी गयी हो और य�द ऐसी सड़क8 का िनमा ण कk छ भूिम (े�8 से होकर गुजरता ह ैया उससे कk छ भूिमय8 को,सि�मा ण @�\या के दौरान, कम स ेकम तीन बार (ित पGचंने क� सभंावना हो, तो @भािवत या (ितK? त या कटाईK? त कk छ भूिम (े� पर @ितपूरक वृ(ारोपण @ारंभ �कया जाएगा। ((((iiiiiiiiiiii)))) आइसीआरजेडआइसीआरजेडआइसीआरजेडआइसीआरजेड----। ख । ख । ख । ख –––– आइसीआरजेड-।ख (े�8 म� �\याकलाप8 को िनj न @कार से िविनयिमत/या अनुcात �कया जाएगा: (i) भिूम सुधार और बंध िनमा ण इ� या�द क� अनुमित केवल ऐसे �\याकलाप के िलए दी जाएगी जैसे:

¹Hkkx IIµ[k.M 3(ii)º Hkkjr dk jkti=k % vlk/kj.k 7 (क) तटाK सिुवधाएं, जैसे बंदरगाह, जै�ी, घाट, जहाज घाट, F लेटफाम , जलावतरण मंच, पुल, तटर(ा के िलए होवर पोट और समु0ी बंध इ� या�द। (ख) र(ा, रणनीितक और सुर(ा @योजन8 के िलए प>रयोजनाएं; (ग) िवxमान उk च D वार रेखा तक, खंभ8 पर सड़क बशतz ऐसी सड़क8 को, भूिम क� तरफ वाले (े� के िवकास क� अनुमित के िलए @ािधकृत नह~ �कया जाएगा। परंतु यह और �क सुधार क� गयी भूिम के उपयोग क� अनुमित केवल जन उपयोिगताJ, जैसे सामूिहक, � व>रत या बGिवध प>रवहन @णाली, सभी आव& यक सहबb जन उपयोिगताJ के िनमा ण और ? थापना तथा ऐसी प>रवहन @णाली के @चालन के िलए आधारभूत संरचना िजसम� िवxुत या इलैC pोिनक िस_ नल @णाली, अनुcा@ाF त िडजाइन8 के प>रवहन िव�ाम ? थल; �कसी औxोिगक @चालन, मरj मत तथा अनुर(ण को छोड़कर, के िलए दी जाएगी। (घ) कटाव के िनयं�ण के िलए उपाय। (ङ) जलमागw, चैनल8 और बंदरगाह8 और तटर(ा के िलए होवर पोटw का अनुर(ण और सफाई (च) रेत बाधाJ को रोकने, D वारीय िविनयामक8 क� ? थापना, वषा जल नाल8 का बनाया जाना या लवणता के @वेश के िनवारण हतुे संरचना और ताजा जल का पुन: भराव के िलए उपाय। (ii) जलाK से संबंिधत �\याकलाप या बंदरगाह8 तथा पोता�य, घाट8, F लेटफामw, जहाज घाट8, कटाव िनयं�ण उपाय8, �ेकवाटस , पाइप लाइन8, लाइट हाउस8, नौचालन सुर(ा सुिवधाएं, तटीय पुिलस ? टेशन8, भारतीय तट र(ा ? टेशन8 और इसी @कार के अB य �\याकलाप जैसी @� य( gप से आव& यक समु0 तटाK सुिवधाएं। (iii) गैर परj परागत ऊजा �ोत8 'ारा िवxुत तथा सहबb सिुवधाएं। (iv) खतरनाक पदाथw को, पोत8 स ेबंदरगाह8, ट|म नल8 और प>रi करिणय8 को ? थानाB त>रत �कया जाना और िवपय येन } यव? था। (v) पेpोिलयम और @ाकृितक गैस मं�ालय म�, तेल उxोग सुर(ा िनदशेालय 'ारा जारी �दशािनदशे8 और एमओईएफएy डसीसी 'ारा जारी �दशािनदशे8 सिहत सुर(ा िविनयम8 के काया B वयन के अS यधीन, अनुबंध-।। म� िविनhद i ट अनुसार पेpोिलयम उ� पाद8 और तरलीकृत @ाकृितक गैस क� @ाि� और भंडारण के िलए सुिवधाएं, परंतु यह �क ऐसी सुिवधाए ंउव रक8 जैसे अमोिनया, फा? फो>रक एिसड, गंधक का तेजाब, शोरे का तेजाब इ� या�द जैसी उव रक8 के िलए आव& यक कk ची सामिKय8 क� @ाि� और भंडारण के िलए हो। (vi) अिधसूिचत बंदरगाह8 म� गैर खतरनाक कागw अथा त खाx तेल उव रक8 और खाxाB न8 का भंडारण। (vii) हचैरी और मछिलय8 को @ाकृितक gप से सुखाया जाना। (viii) िवxमान म� ? य @सं? करण इकाइया ंिनj निलिखत शतw के अS यधीन आधिुनक�करण @योजन8 के िलए, 25 @ितशत अित>रC त िपIलंथ (े� (केवल अित>रC त उप? कर8 और @दषूण उपाय8 के िलए) का उपयोग कर सकती हH: (क) ऐसे पुन|न मा ण का एफएसआई, जो नगर और Kाj य आयोजन के प>र} यापी िविनयम8 के अनुसार अनुम� य एफएसआई से अिधक न हो। 8 THE GAZETTE OF INDIA : EXTRAORDINARY [PART II—SEC. 3(ii)] (ख) अित>रC त िपIलंथ (े� का सि�मा ण केवल भूिम (े� क� तरफ ही हो। (ग) संबb एसपीसीबी/ पीसीसी का अनुमोदन। (ix) अपिशi ट और बिह:�ाव8 के िलए शोधन सुिवधाएं और शोिधत बिह:�ाव8 का संवहन। (x) वषा जल के िलए िनकास। (xi) प>रयोजनाएं, िजB ह� साम>रक, र(ा स ेसंबंिधत प>रयोजनाJ और परमाणु ऊजा िवभाग क� प>रयोजनाJ के gप म� वगqकृत या अिभcात �कया गया ह।ै (xii) अB तD वा रीय (े� म�, खनन और खिनज (िवकास) अिधिनयम, 1957 क� @थम अनुसूची के भाग ख के अधीन अिधसूिचत परमाणु खिनज8 का, उसी gप म� या एक या अB य खिनज8 के साथ, परमाण ऊजा िवभाग 'ारा अनुमो�दत खनन योजना के अनुसार परमाणु ऊजा िवभाग 'ारा पर ा्िधकृत अिभकरण8 'ारा ह? तचािलत खनन। परB तु यह �क अंतD वा रीय (े� के भीतर ह? त चािलत खनन काय ऐस े} यि[य8 को िनयोिजत करके �कया गया हो जो अंतD वा रीय अय? क या खिनज के संKहण के िलए टोक>रय8 और हाथफावड़8 का @योग करते ह8 और जो अनुमो�दत खनन योजना के अनुसार अंतD वा रीय (े� म� भेदन और िव? फोट या हवैी अथ मIूवंग मशीनरी का @योग �कये िबना कराया गया हो। (xiii) तेल और @ाकृितक गैस क� खोज और िनi कष ण तथा उससे संबंिधत सभी �\याकलाप और सिुवधाएं। (xiv) पया वरण, वन और जलवायु प>रवत न मं�ालय 'ारा अिधसिूचत पया वरणीय मानक8 और क� 0ीय @दषूण िनयं�ण बोड (सीपीसीबी) या राD य @दषूण िनयं�ण बोड (एसपीसीबी) या @दषूण िनयं�ण सिमित (पीसीसी), जो भी ि?थित हो, के संबb �दशा-िनदशे8 के अनुgप, कk चे माल के प>रवहन के िलए तटाK अपेि(त सुिवधाएं, ठंडा करने वाले जल क� @ाि� हतुे सुिवधाएं, िनल वणीकरण संयं�8 इ� या�द के िलए जल क� @ाि� और शोिधत अपिशi ट जल को बाहर िनकालने या तापीय िवxुत सयं�8 से ठंडा करने वाले जल को बाहर िनकालने के िलए मुहाने जैसी सुिवधाएं होनी चािहए। (xv) पारेषण लाइन8 सिहत पाइप लाइन और संवहन @णािलयां। (xvi) च\वात8 क� पूव सूचना क� िनगरानी के िलए मौसम रडार महासागर @े(ण मंच, संचलन और सहबb सुिवधाएं। (xvii) नमक एक�ण और सहबb सुिवधाएं। (xviii) िनल वणीकरण सयंं� और सहबb सुिवधाएं। (xix) संिनमा ण @योजन8 के िलए रेत का खनन: परंतु यह �क रेत के खनन क� अनुमित महासागर @बंधन सं? थान (आइओएम), चेB नई 'ारा यथा िचिB�त गैर-पा>रसंवेदी और अनुमो�दत स् थल8 म�, अy डमान और िनकोबार सीजेडएमए 'ारा दी जाएगी, जो िनj निलिखत के अS यधीन होगी: (क) खनन योजनाJ म�, @वाल िभिuय8, कछुJ, मगरमk छ8, पि(य8 'ारा घोसला बनाने के ? थल8 तथा अB य संरि(त (े�8 सिहत संवेदनशील तटीय पा>र-@णाली क� (ित को रोकने के िलए पया F त सरु(ोपाय क� शत� रखी जाएंगी। (ख) खनन �कये जाने वाले रेत क� कुल मा�ा >रट यािचका (िसिवल स.ं 1995 क� 2002) म� माननीय उk चतम B यायालय के तारीख 7 मई, 2002 के आदशे को S यान म� रखते Gए िनयत क� जाएगी। ¹Hkkx IIµ[k.M 3(ii)º Hkkjr dk jkti=k % vlk/kj.k 9 (ग) रेत के खनन क� िनगरानी अंडमान और िनकोबार 'ीप समूह के उपराD यपाल 'ारा ग>ठत सिमित 'ारा क� जाएगी, िजसम� (1) मु य सिचव, अंडमान और िनकोबार, (2) सिचव, पया वरण िवभाग (3) सिचव, जल संसाधन िवभाग (4) सिचव, अंडमान ओर िनकोबार लोक िनमा ण िवभाग (5) पया वरण, वन और जलवायु प>रवत न मं�ालय के (े�ीय काया लय, भुवने& वर का @ितिनिध और (6) अंडमान और िनकोबार म� ि?थत �कसी एनजीओ का एक @ितिनिध शािमल ह8गे। (iv) (iv) (iv) (iv) आईसीआरजेडआईसीआरजेडआईसीआरजेडआईसीआरजेड----।।।।।।।। (i) आइसीआरजेड-। ख म� अनुcात �\याकलाप, यथा @योD य आइसीआरजेड-।। म� भी अनुcात ह8गे। (ii) आवासीय @योजन8, िवxालय8, अ? पताल8, सं? थाJ, काया लय8, साव जिनक ? थल8 इ� या�द के िलए भवन8 के सि�मा ण क� अनुमित, िवxमान सड़क के भिूम क� तरफ वाले (े� पर या िवxमान @ािधकृत िनधा>रत सरंचनाJ के भूिम क� तरफ वाल े(े� पर दी जाएगी; परB तु यह �क ऐसी �कसी नई सड़क, जो �कसी िवxमान सड़क के समु0 क� ओर वाले (े� पर बनाई गई हो, के भिूम क� तरफ वाले (े� पर भवन8 के सि�मा ण क� अनुमित नह~ दी जाएगी। (iii) ऊपर (ii) म� यथा अनुcा@ाF त भवन, समय-समय पर लागू होने वाले ? थानीय नगर और Kाj य आयोजन िविनयम8 और इस अिधसूचना के राजप� म� @कािशत होने क� तारीख को लागू फश ? थान सूचकांक या फश (े� अनुपात के िलए लागू मापदडं8 के अS यधीन ह8गे और इस अिधसूचना के राजप� म� @काशन क� ितिथ के प& चात् एफएसआई के संशोधन क� आव& यकता होने के मामले म�, शहरी ? थानीय िनकाय अथवा संघ राD य (े� @शासन संघ राD य (े� के तटीय (े� @बंधन @ािधकरण (सीजेडएमए) के माS यम से पया वरण, वन और जलवायु प>रवत न मं�ालय स ेसपंक करेगा और संबंिधत सीजेडएमए इस मामल ेअपनी राय दतेे Gए उस @? ताव को राi pीय तटीय (े� @बंधन @ािधकरण (एनसीजेडएमए) के पास अKेिषत करेगा तथा तदपुरांत, एनसीजेडएमए जन-सिुवधाJ, पया वरण सुर(ोपाय8 आ�द क� उपलt धता जैसे िविभB न पहलJु क� जांच करेगा और यह सुिनि�त करना संबंिधत शहर आयोजना @ािधकरण का उ� तरदािय� व होगा �क ठोस अपिशi ट8 का हथालन संबंिधत ठोस अपिशi ट िनयम8 के अनुसार �कया जाता ह ैऔर �कसी @कार के अशोिधत मल-जल को तट पर या तटीय जल म� नह~ बहाया जाता ह।ै (iv) @ािधकृत भवन8 का पुनिनमा ण, वत मान भिूम उपयोग म� प>रवत न �कए िबना समय-समय पर लागू ? थानीय नगर और Kाj य आयोजना संबंिधत िविनयम8 और इस अिधसूचना क� ितिथ को मौजूदा vलोर ? पेस इंडCे स अथवा फश (े� अनुपात के अS यधीन अनुमत �कया जाएगा और इस अिधसूचना के राजप� म� @काशन क� ितिथ के प& चात् एफएसआई के संशोधन क� आव& यकता होने के मामले म�, शहरी ? थानीय िनकाय अथवा संघ राD य (े� @शासन संघ राD य (े� के तटीय (े� @बंधन @ािधकरण (सीजेडएमए) के माS यम से पया वरण, वन और जलवायु प>रवत न मं�ालय से संपक करेगा और संबंिधत सीजेडएमए इस मामले अपनी राय दतेे Gए उस @? ताव को राi pीय तटीय (े� @बंधन @ािधकरण (एनसीजेडएमए) के पास अKेिषत करेगा तथा तदपुरांत, एनसीजेडएमए जन-सिुवधाJ, पया वरण सुर(ोपाय8 आ�द क� उपलt धता जैस े िविभB न पहलुJ क� जांच करेगा और यह सुिनि�त करना संबंिधत शहर आयोजना @ािधकरण का उ� तरदािय� व होगा �क ठोस अपिशi ट8 का हथालन संबंिधत ठोस अपिशi ट िनयम8 के अनुसार �कया जाता ह ैऔर �कसी @कार के अशोिधत मल-जल को तट पर या तटीय जल म� नह~ बहाया जाता ह।ै 10 THE GAZETTE OF INDIA : EXTRAORDINARY [PART II—SEC. 3(ii)]

(v) अनुबंध-III म� दी गई शतw/�दशािनदzश8 के अS यधीन समु0 तट पर >रजोट स/होटल8 पय टन िवकास प>रयोजनाJ के िनमा ण के िलए नामािभिहत (े�8 म� खाली पड़ ेGए भ-ूखंड8 का िवकास। (vi) समु0 तट8 पर अ? थायी पय टन सुिवधाएं अनुमत क� जाएंगी िजनम� केवल कुटीर, शौचालय या ? नानगृह, कपड़ ेबदलने के िलए क(, शावॅर पैन� स, इंटरलौ�क� ग पेवर t लॉक जैसी सामKी का उपयोग करते Gए िन|म त �कए गए आवागमन माग , पेयजल सुिवधाएं, बैठने क� } यव? थाएं, जल-\�ड़ा काय -कलाप8 से संबb सिुवधाएं आ�द ही शािमल ह8गे और ऐसी सुिवधाएं इस अिधसूचना के अनुसार केवल उिचत परामशq @�\या और जन-सुनवाई आ�द 'ारा तैयार क� गई अनुमो�दत आइसीआरजेड म� दशा ई जा रही पय टन योजना के अS यधीन और आगे ऐसी सुिवधाJ के सृजन हेतु एचटीएल से 10 मीटर क� B यूनतम दरूी रखते Gए आइसीआरजेड योजनाJ म� सूचीबb पया वरणीय सुर(ोपाय8 के अS यधीन अनुमत क� जाएंगी। (vii) सीजेडएमए 'ारा समु0 तटीय पुिलस ? टेशन8 के िलए आधारभूत सुिवधाJ के िनमा ण या मरj मत क� अनुमित मामल-ेदर-मामले के आधार पर दी जा सकती ह।ै (viii) खान और खिनज (िवकास एव ं िविनयमन) अिधिनयम, 1957 (1957 का 67) क� पहली अनुसूची के भाग-ख के अधीन अिधसूिचत परमाणु खिनज8 के उसी gप म� खनन या परमाणु ऊजा िवभाग, भारत सरकार 'ारा @ािधकृत ऐसी एज�िसय8 'ारा एक या एक से अिधक खिनज8 के साथ परमाण ु खिनज अB वेषण और अनुसंधान िनदशेालय 'ारा तैयार क� गई खनन योजना के अनुसार खनन। (v)(v)(v)(v) आइसीआरजेडआइसीआरजेडआइसीआरजेडआइसीआरजेड----IIIIIIIIIIII (क) आईसीआरजैड-I ख म� अनुcेय �कए गए काय कलाप8 को यथा@योD य सीआरजैड-III म� भी अनुcात �कया जायेगा। (ख) एनडीजडेएनडीजडेएनडीजडेएनडीजडे म� काय कलाप8 का िविनयमन:::: एनडीजेड म� िनj निलिखत को अनुcात/िविनयिमत �कया जायेगा: (i) आइसीआरजेड-III म� एनडीजेड के भीतर, इस अिधसूचना के तहत अनुमेय काय कलाप8 के िलए, आव& यक आपदा @बंधन @ावधान8 और उिचत ? वk छता क� } यव? थाJ को शािमल करते Gए, मछुवारा समुदाय और परj परागत तटीय, समुदाय8 क� आवासीय इकाईय8 के िनमा ण/पुनिनमा ण और काय कलाप8 के िलए अिनवाय सुिवधाJ सिहत, पूव म� मौजूद @ािधकृत संरचनाJ, िजनम� vलोर ? पेस इy डCे स, मौजूदा IFलंथ ए>रया एवं मौजूदा घन� व पहले से अिधक न ह8, क� मरj मत या पुन |न मा ण को छोड़कर, �कसी भी िनमा ण काय को अनुमत नही �कया जाएगा। (ii) कृिष, उxान -कृिष , उxान8, चरागाह, पाक , खेलने के िलए मैदान और वािनक�। (iii) सीजेडएमए 'ारा मामला-दर-मामला आधार पर ? थानीय िनवािसय8 के िलए आव& यक औषधालय8, िवxालय8, वषा जल से बचाव हतुे साव जिनक आ�य ? थल, सामदुाियक शौचालय, पुल, सड़क, जलापू|त } यव? था, जलिनकास @णाली, वािहत मल के िनकास, शवदाहगृह, क�गाह और िवxुत सब-? टेशन8 का िनमा ण। (iv) संबंिधत @दषूण िनयं�ण बोड अथवा सिमित के पूव अनमुोदन स े घरेलू वािहत मल, उपचार और िन? तारण के िलए बनाई जाने वाली इकाइय8 या संबंिधत िनकाय8 का िनमा ण। ¹Hkkx IIµ[k.M 3(ii)º Hkkjr dk jkti=k % vlk/kj.k 11

(v) ? थानीय मछुआरा समुदाय8 के िलए अपेि(त सुिवधाएं जैसे मछली सुखाने के @ांगण, नीलामी के िलए हॉल, जाल क� मरj मत के िलए @ांगण, परj परागत नौका िनमा ण @ांगण, बफ संयं�, बफ तोड़ने वाली इकाइया,ं मछिलय8 के संसाधन क� सुिवधाएं इ� या�द। (vi) जहां भी आइसीआरजेड-III (े�8 के एनडीजेड स ेराi pीय अथवा राD य राजमाग गुजर रहे हH, वहां सड़क के समु0 क� ओर वाली �दशा म� अ? थायी पय टन सुिवधाएं जैसे शौचालय, चेB ज gम, पेयजल सुिवधा और अ? थायी कुटीर िन|म त क� जा सकती हH। (vii) एनडीजेड म� ऐसी सड़क8 क� भिूम क� ओर वाली �दशा म� >रस�ट/होटल और सहबb सुिवधाJ क� अनुमित दी जाएगी। तथािप, ऐसी सुिवधाJ क� अनुमित केवल इस अिधसूचना के अनुgप अनुमो�दत आईसीआरजेड योजनाJ म� पय टन योजना के समावेश तथा अनुबंधअनुबंधअनुबंधअनुबंध----।।।।।।।।।।।। म� दी गई शतw और �दशािनदzश8 के अS यधीन दी जाएगी। (viii) आईसीआरजेड-III म� एनडीजेड तथा समु0 तट8 पर अ? थायी पय टन सुिवधाएं अनुमत क� जाएगंी और ऐसी अ? थायी सुिवधाJ म� केवल कुटीर, शौचालय या ? नानगृह, कपड़ े बदलने के िलए क(, शावॅर पैन� स, इंटरलौ�क� ग पेवर t लॉक जैसी सामKी का उपयोग करते Gए िन|म त �कए गए आवागमन माग , पेयजल सुिवधाएं, बैठने क� } यव? थाए,ं जल-\�ड़ा काय -कलाप8 से संबb सुिवधाए ंआ�द ही शािमल ह8गे और ऐसी सुिवधाएं इस अिधसूचना के अनुसार केवल उिचत परामशq @�\या और जन-सुनवाई आ�द 'ारा तैयार क� गई अनुमो�दत आइसीआरजेड म� दशा ई जा रही पय टन योजना के अS यधीन और आगे ऐसी सुिवधाJ के सृजन हतुे एचटीएल से 10 मीटर क� B यूनतम दरूी रखत े Gए आइसीआरजेड योजनाJ म� सूचीबb पया वरणीय सुर(ोपाय8 के अS यधीन अनुमत क� जाएंगी। (ix) खान और खिनज (िवकास एव ं िविनयमन) अिधिनयम, 1957 (1957 का 67) क� पहली अनुसूची के भाग-ख के अधीन अिधसूिचत परमाणु खिनज8 के उसी gप म� खनन या परमाणु ऊजा िवभाग, भारत सरकार 'ारा @ािधकृत ऐसी एज�िसय8 'ारा एक या एक से अिधक खिनज8 के साथ परमाण ु खिनज अB वेषण और अनुसंधान िनदशेालय 'ारा तैयार क� गई खनन योजना के अनुसार खनन। (ग)(ग)(ग)(ग) एनडीजडे स ेबाहर आइसीआरजेडएनडीजडे स ेबाहर आइसीआरजेडएनडीजडे स ेबाहर आइसीआरजेडएनडीजडे स ेबाहर आइसीआरजेड----III III III III )�े* के िलए काय�कलाप* )�े* के िलए काय�कलाप* )�े* के िलए काय�कलाप* )�े* के िलए काय�कलाप* को अनुको अनुको अनुको अनु(� त(� त(� त(� त और िविनयिमत और िविनयिमत और िविनयिमत और िविनयिमत िविनयमन िन, निविनयमन िन, निविनयमन िन, निविनयमन िन, न कार स े$कया जाएगा कार स े$कया जाएगा कार स े$कया जाएगा कार स े$कया जाएगा: : : : (i) अनुबंध-III म� दी गई शतw/�दशा-िनदzश8 के अS यधीन समु0 तट पर >रस�ट/होटल8/ पय टन िवकास प>रयोजनाJ के िनमा ण के िलए िनhद i ट (े�8 म� खाली पड़ ेGए F लाट8 का िवकास, (ii) आवासीय इकाइय8 का िनमा ण अथवा पुनिनमा ण जब तक �क वह पारंप>रक अिधकार8 और gि़ढगत उपयोग जसेै �क मौजूदा मछुआरा समुदाय के गांव8 आ�द क� प>रिध के अंदर ह।ै ऐस ेिनमा ण अथवा पुन िनमा ण हतुे िनमा ण अनुमित केवल दो तलो (भतूल+एक तल) सिहत अिधकतम 9 मीटर तक क� समK ऊँचाई सिहत ? थानीय नगर और शहर आयोजना िनयम8 क� शत के अS यधीन होगा। (iii) मछुआर8 सिहत ? थानीय समुदाय8 को मौजूदा मकान8 के IFलंथ (े�/िडजाइन अथवा अKभाग म� प>रवत न �कए िबना ‘होम ? टे’ के माS यम स ेपय टन को सुकर बनाने के िलए अनुमत �कया जा सकता ह।ै 12 THE GAZETTE OF INDIA : EXTRAORDINARY [PART II—SEC. 3(ii)]

(iv) वषा जल से बचने के िलए साव जिनक वषा आ�य ? थल8, सामुदाियक शौचालय8, जल आपू|त } यव? था, वािहतमल िन? तारण, सड़क8 और पुल8 का िनमा ण। (v) सीजेडएमए 'ारा अलग-अलग मामल8 के आधार पर समु0 तटीय पुिलस ? टेशन8 के िलए अवसरंचना� मक सुिवधाJ के िनमा ण अथवा मरम् मत करने हतुे अनुमेय �कया जा सकता ह।ै (घ) भ-ूगभqय जल का िनi कष ण और उससे संबिंधत िनमा ण को उन (े�8 म� जहां, ? थानीय समुदाय िनवास करते हH और जो केवल उनके उपयोग के िलए ह,ै को छोड़कर एचटीएल से 200 मीटर तक के (े� म� @ितषेिधत �कया जाएगा। एचटीएल के 200-500 मीटर तक के उन (े�8 म�, भ-ूगभqय जल का िनi कष ण को पेयजल, बागवानी, कृिष और म� ? यन आ�द के िलए साधारण कँुJ के माS यम से शारी>रक �म 'ारा अनुमत �कया जा सकता ह,ै जहां जल का कोई अB य �ोत उपलt ध न हो। समु0 जल के @वेश 'ारा @भािवत (े�8 म� संघ शािसत @दशे @शासन 'ारा नामो�Li ट @ािधकरण 'ारा ऐस ेिनi कष ण पर @ितबंध लगाया जा सकता ह।ै (ङ) परमाणु खिनज अB वेषण और अनुसंधान िनदशेालय 'ारा खनन योजना के अनुसार, परमाणु ऊजा िवभाग, भारत सरकार 'ारा यथा @ािधकृत ऐसे अिभकरण8 'ारा खान और खिनज (िवकास और िविनयमन) अिधिनयम, 1957 (1957 का 67) क� पहली अनुसूची के भाग-ख के अंतग त अिधसिूचत इस @कार अथवा एक अथवा अB य खिनज8 के gप म� पाए जाने वाले परमाणु खिनज8 का अB वेषण और खनन। VI. आइआइआइआइसीआरजेडसीआरजेडसीआरजेडसीआरजेड----IVIVIVIV सीआरजेड IV (े�8 म� िनj निलिखत काय कलाप8 को अनुcात और िविनयिमत �कया जाएगा: (i) ? थानीय समदुाय8 'ारा पारj प>रक gप से �कए जाने वाल ेम� ? य पालन और संबb काय कलाप। (ii) केवल िनj निलिखत काय कलाप8 के िलए भ-ूउbार और पु& ता िनमा ण आ�द को अनुcात �कया जाए, जैसे; (क) अKतट सुिवधाJ जैस ेप� तन, बंदरगाह, जे�ी, घाट, तटबंध, ि?लपवे, पुल, समु0 Iलकं और तट र(क के िलए होवर प� तन आ�द। (ख) तट र(क सिहत र(ा, रणनीितक और सरु(ा @योजन के िलए प>रयोजनाएं। (ग) (रण के िनयं�ण के िलए उपाय। (घ) जलमागw, चैनल8 और बंदरगाह8 का रखरखाव और उनका िनम लन। (ङ) बालूिभिuय8 को बनने स ेरोकने, D वार िविनयामक8 का सं? थापन, वषा जल @वाह नािलय8 को िबछाने या लवणीयता अB तग मन के और ? वk छ जल के >रचाज के िनवारण हतुे सरंचना के िलए उपाय। (iii) प� तन8 और बंदरगाह8, जे�ी, घाट8, तटबंध8, (रण िनयं�ण उपाय8, तंरगरोध8 (�ेकवाटस ), पाइपलाइन8, नौवहन सुर(ा सिुवधाJ जैसे तटीय नगर भाग अथवा @� य( gप से आव& यक अKतट सुिवधाJ से संबंिधत काय कलाप। (iv) गैर-परj परागत ऊजा �ोत8 और सहबb सुिवधाJ आ�द 'ारा िवxुत। (v) पोत8 स ेप� तन8 तक खतरनाक पदाथw का अंतरण। (vi) अिधसूिचत प� तन8 म� खाx तेल, उवर क8 और खाxाB न जैसे गैर-प>रसंकटमय ? थोरा का भंडारण। ¹Hkkx IIµ[k.M 3(ii)º Hkkjr dk jkti=k % vlk/kj.k 13

(vii) जलमाग� म� उपचा>रत बिह�ाव8 के िन? सरण के िलए सिुवधाएं। (viii) तटर(क तटीय सुर(ा नेटवक सिहत रणनीितक और र(ा संबंधी प>रयोजनाJ के gप म� वगqकृत प>रयोजनाएं। (ix) परमाणु ऊजा िवभाग क� प>रयोजनाएं। (x) तेल और @ाकृितक गैस क� खोज और िनi कष ण तथा इससे सहयुC त सभी �\याकलाप और सिुवधाएं। (xi) खान और खिनज (िवकास और िविनयमन), अिधिनयम, 1957 (1957 का 67) क� पहली अनुसूची के भाग-ख के अधीन अिधसूिचत इस @कार अथवा अB य खिनज (खिनज8) के सहयोग से और ऐसे सहयुC त खिनज (खिनज8) के gप म� पाए जाने वाले परमाण ुखिनज8 क� खोज और खनन। (xii) ऐसा अKतट िजसम� कk चे माल के प>रवहन क� सुिवधाएं, शीतलन जल के अB तK हण तथा ताप िवxुत संयं�8 से उपचा>रत अपिशi ट जल अथवा शीतलन जल के िन? सारण हतुे मुहाने क� सुिवधाएं अपेि(त होती हH। पया वरण, वन और जलवायु प>रवत न मं�ालय 'ारा अिधसूिचत पया वरणीय मानक8 और क� 0ीय @दषूण िनयं�ण बोड (सीपीसीबी) अथवा राD य @दषूण िनयं�ण बोड (एसपीसीबी) अथवा @दषूण िनयं�ण सिमित (पीसीसी) के संगत िनदेश8 के अनुgप, कk चे माल के प>रवहन हतुे सुिवधाJ क� अपे(ा शीतलन जल का उपयोग करने के िलए सिुवधाएं तथा ताप िवxुत संयं� से उपचा>रत अपिशi ट जल अथवा शीतलन जल के िन? सरण हतुे मुहाने क� सुिवधाएं अपेि(त होती हH। (xiii) पाइपलाइन, पारेषण लाइन8 सिहत संचार @णािलयां। (xiv) च\वात के पूवा नुमान, महासागर सं@े(ण F लेटफाम , संचलन और सहयुC त सुिवधाJ क� िनगरानी हतुे मौसम रडार। 5555.... -ीप -ीप -ीप -ीप तटीय िविनयमन )े� योजना (आईसीआरज़ेडपी)तटीय िविनयमन )े� योजना (आईसीआरज़ेडपी)तटीय िविनयमन )े� योजना (आईसीआरज़ेडपी)तटीय िविनयमन )े� योजना (आईसीआरज़ेडपी) (i) इस अिधसूचना के उपबंध8 के अनुसार, अंडमान और िनकोबार @शासन आईपीज़ेड अिधसूचना, 2011 के अधीन बनाई गई अपनी संबंिधत 'ीप तटीय िविनयमन (े� योजना (आईसीआरज़ेडपी) को सशंोिधत अथवा अxतन करेगा और इसे शी�तम अनुमोदनाथ पया वरण, वन और जलवायु प>रवत न मं�ालय को @? तुत करेगा। उन सभी प>रयोजना काय कलाप8, िजनको इस अिधसूचना के उपबंध लागू होते हH, का मू� यांकन इस अिधसूचना क� अxतन आईसीआरज़ेड योजनाJ के अनुसार �कया जाना अपेि(त होगा। जब तक इन योजनाJ को इस @कार संशोिधत/अxतन नह~ �कया जाता ह,ै तब तक इस अिधसूचना के उपबंध @भावी नह~ ह8गे और ऐसी प>रयोजनाJ के मू� यांकन और सीआरज़ेड ? वीकृित के िलए आईपीज़ेड अिधसूचना, 2011 के उपबंध8 के अनुसार तैयार क� गई योजना का अनुसरण �कया जाता रहगेा; (ii) @िति�त तथा अनुभवी वैcािनक सं? था (सं? थाJ) या पया वरण, वन और जलवायु प>रवत न मं�ालय के राi pीय सतत तटीय @बंधन केB 0 (िजसे इसम� इसके प& चात् एनसीएससीएम कहा गया ह)ै सिहत अB य अिभकरण8 को अिभिनयोिजत करके तथा संबंिधत पणधा>रय8 के साथ परामश करके आईसीआरज़ेड योजनाJ को तैयार/अxतन �कया जा सकेगा; (iii) (क) @ाgप योजनाJ को अिधसूचना के उपाबंधउपाबंधउपाबंधउपाबंध----IVIVIVIV म� �दए गए �दशा-िनदzश8, िजनम� आम जनता स ेपरामश करना भी शािमल ह,ै के अनुसार संबिधत राD य (े�8 के अंदर आईसीआरज़ेड (े�8 को अिभcात और वगqकृत करत े Gए 1:25,000 माप के मानिच� म� तैयार �कया जाएगा;

14 THE GAZETTE OF INDIA : EXTRAORDINARY [PART II—SEC. 3(ii)] (ख) इस अिधसूचना म� सूचीबb सम? त िवकासा� मक काय कलाप8 को जैसा भी मामला हो, संघ राD य (े� @शासन, ? थानीय @ािधकरण या संबंिधत सीज़ेडएमए 'ारा इस अिधसूचना के उपबंध8 के अनुसार ऐसी अनुमो�दत आईसीआरज़ेड योजनाJ, के काय ढांचे के अंदर िविनयिमत �कया जाएगा; (iv) @ाgप योजनाJ को पया वरण (सरं(ण) अिधिनयम, 1986 म� अिधकिथत @�\या(J) के अनुसार, उपयुC त परामशw तथा िसफा>रश8 के साथ मू� यांकन के िलए अंडमान और िनकोबार सीज़ेडएमए के सम( @? तुत �कया जाएगा; (v) तदपुरांत पया वरण, वन और जलवायु प>रवत न मं�ालय योजनाJ पर िवचार करेगा और उनका अनुमोदन करेगा। (vi) आईसीआरज़ेड योजनाJ को सामाB यतया पांच वष क� अविध स ेपहले संशोिधत नह~ �कया जाएगा, िजसके बाद संबंिधत संघ राD य (े� @शासन पुनरी(ण करने पर िवचार कर सकेगा। 6666.... िवशेष 4प से िवचार $कए जाने के िलए अपेि)त )े� : अंडमान और िनकोबार के छोटे -ीप समूह तथा ल)-ीप: िवशेष 4प से िवचार $कए जाने के िलए अपेि)त )े� : अंडमान और िनकोबार के छोटे -ीप समूह तथा ल)-ीप: िवशेष 4प से िवचार $कए जाने के िलए अपेि)त )े� : अंडमान और िनकोबार के छोटे -ीप समूह तथा ल)-ीप: िवशेष 4प से िवचार $कए जाने के िलए अपेि)त )े� : अंडमान और िनकोबार के छोटे -ीप समूह तथा ल)-ीप: (i) आईसीआरज़ेड @वगw के अधीन सूचीबb आईसीआरजेड @वगw को छोड़कर अंडमान और िनकोबार के सभी छोटे-छोटे 'ीप8 तथा ल('ीप को भी इस अिधसूचना के अंतग त शािमल �कया जाएगा। (ii) इन छोटे-छोटे 'ीप8 का @बंधन संबंिधत एक�कृत 'ीप @बंधन योजनाJ (िजB ह� इसम� इसके प& चात् आईआईएमपी योजनाएं कहा गया ह)ै के माS यम स े�कया जाएगा। एक�कृत 'ीप @बंधन योजनाएं (आईआईएमपी), अनुबंधअनुबंधअनुबंधअनुबंध----IVIVIVIV म� अंत|व i ट �दशा-िनदzश8 के अनसुार ऐसे सभी 'ीप8 के िलए संबंिधत संघ राD य (े�8 'ारा तैयार क� जाएंगी और अनुमोदन के िलए पया वरण, वन और जलवायु प>रवत न मं�ालय को शी�ाितशी� @? तुत क� जाएंगी। आईआईएमपी तैयार होने तक इस अिधसूचना के उपबंध लागू नह~ ह8गे और आईपीज़ेड अिधसूचना, 2011 के उपबंध8 के अनुसार, आईआईएमपी का अनुपालन जारी रहगेा। (iii) इन 'ीप-समूह8 क� अि'तीय तटीय @णािलय8 तथा ? थान सीमाJ के दिृsगत, भिूम क� ओर एचटीएल स े20 मीटर का गैर िवकास (े� (एनडीज़ेड) ऐसे 'ीप-समूह8 के िलए समान gप से लागू होगा और उसके काय कलाप िनj नानुसार िविनयिमत �कए जाएंगे :- (क) इन 'ीप8 के ? थानीय समुदाय8 के िवxमान आवासीय एकक8 क� मरj मत या इनका पुन|न मा ण एचटीएल से 20 मीटर के अंदर �कया जाएगा और तथािप, इस (े� म� �कसी नए िनमा ण क� अनुमित नह~ होगी। (ख) अKतट सुिवधाएं जैसे मछली पकड़ने के िलए जे�ी, मछली सुखाने के िलए ? थान, जाल क� मरj मत के िलए याड , पारंप>रक ढंग8 स े �कया जाने वाला म� ? य @सं? करण, नौका िनमा ण का याड , बफ संयं�, नौका क� मरj मत और इसी @कार के अB य काय , उिचत पया वरणीय सुर(ोपाय8 के अS यधीन एनडीज़ेड सीमाJ म� �कये जाएंगे। (ग) तटीय जल (े�8, अंतर-D वारीय (े� और पा>रि?थितक�य दिृs से संवेदनशील (े�8 म� �कए जाने वाले काय , इस अिधसूचना के पैरा 4 के अंतग त आईसीआरज़ेड-। और आईसीआरज़ेड-IV (े�8 के अनुसार ही अनुcात या िविनयिमत �कए जाएंगे। (घ) इन 'ीप समहू8 म� एचटीएल के 20 मीटर से परे िवकास संबंिधत आईआईएमपी और यथा लागू ? थानीय िविनयम8 'ारा शािसत होगा। ¹Hkkx IIµ[k.M 3(ii)º Hkkjr dk jkti=k % vlk/kj.k 15

7777....0000 अनु(येअनु(येअनु(येअनु(ये/िविनयिमत काय�कलाप* के िलए आईसीआरज़े/िविनयिमत काय�कलाप* के िलए आईसीआरज़े/िविनयिमत काय�कलाप* के िलए आईसीआरज़े/िविनयिमत काय�कलाप* के िलए आईसीआरज़ेड ड ड ड अनापि= ाअनापि= ाअनापि= ाअनापि= ा---- > या > या > या > यायोजनयोजनयोजनयोजन (i) इस अिधसूचना के उपबंध8 को लागू होने वाली सभी अनुcात/िविनयिमत प>रयोजना �\याकलाप8 को उनके @ारंभ करने से पूव आईसीआरज़ेड अनापिu @ाF त करनी अपेि(त होगी। (ii) आईसीआरजेड-I और आईसीआरजेड-IV (े�8 म� सभी िवकासा� मक �\याकलाप8 अथवा प>रयोजनाJ, जो इस अिधसूचना के अनुसार िविनयिमत/अनुcेय हH, के संबंध म� पया वरण, वन और जलवायु प>रवत न मं�ालय 'ारा संबंिधत सीजेडएमए क� िसफा>रश के आधार पर कार वाई क� जाएगी। (iii) इस अिधसूचना के अनुसार अB य सभी अनुcेय और िविनयिमत �\याकलाप8, जो िवशुb gप से आईसीआरजेड-II और आईसीआरजेड-III (े�8 म� आते हH, के िलए संबंिधत सीजेडएमए 'ारा आईसीआरजेड अनापिu @दान करने के संबंध म� िवचार �कया जाएगा। आईसीआरजेड-II और III म� संचािलत ऐसी प>रयोजनाJ, जो आईसीआरजेड-I और/या आईसीआरजेड IV (े�8 म� भी आती हH, को आईसीआरजेड अनापिu दनेे के संबंध म� सीजेडएमए क� िसफा>रश8 के आधार पर केवल पया वरण, वन और जलवायु प>रवत न मं�ालय 'ारा िवचार �कया जाएगा। (iv) ऐसी प>रयोजनाJ अथवा �\याकलाप8 िजनको इस अिधसूचना के उपबंध और साथ-साथ ईआईए अिधसूचना, 2006 के उपबंध भी लागू होते हH, उनके संबंध म� संबंिधत अनुमोदनकारी @ािधकरण 'ारा संबंिधत सीजेडएमए क� सं? तुितय8 के आधार पर, @� यायोजन8, अथा त् @वग ‘ख’ और @वग ‘क’ के िलए \मश: राD य पया वरणीय @भाव आकलन @ािधकरण (िजसे इसम� इसके प& चात् एसईआईएए कहा गया ह)ै और पया वरण, वन और जलवायु प>रवत न मं�ालय, के अनुसार ईआईए अिधसूचना, 2006 के तहत सम�ेकत पया वरणीय और आईसीआरजेड अनापिu के िलए कार वाई क� जाएगी। (v) भवन और िनमा ण प>रयोजनाJ, िजनम� ईआईए अिधसूचना के उपबंध8 को लागू करने के िलए िनधा >रत अिधकतम सीमा से कम िन|म त (े�फल हो, के मामले म�, इन प>रयोजनाJ को संबंिधत ? थानीय संघ राD य (े� आयोजना @ािधकरण8 'ारा इस अिधसूचना के अनुसार सीजेडएमए क� सं? तुितयां @ाF त करने के उपरांत अनुमो�दत �कया जाएगा। (vi) केवल कुल 300 वग मी. के िन|म त (े� तक क� ? व-आवासीय इकाइय8 के िलए, सीजेडएमए क� सं? तुितय8 क� अपे(ा के िबना संबंिधत ? थानीय @ािधकरण 'ारा अनुमोदन @दान �कया जाएगा। तथािप, ऐसे @ािधकरण अनुमोदन @दान करने से पूव इस अिधसूचना के प>र@े� य म� @? ताव क� जांच कर�गे। 8888....0000 अनु(ेयअनु(ेयअनु(ेयअनु(ेय और और और और िविनयिमत काय�कलाप* के िलए आईसीआरजेड ? वीिविनयिमत काय�कलाप* के िलए आईसीआरजेड ? वीिविनयिमत काय�कलाप* के िलए आईसीआरजेड ? वीिविनयिमत काय�कलाप* के िलए आईसीआरजेड ? वीकृित ा� तकृित ा� तकृित ा� तकृित ा� त करन ेकA $%या करन ेकA $%या करन ेकA $%या करन ेकA $%या (i) प>रयोजना @? तावक, आईसीआरजेड अिधसूचना के तहत पूव अनापिu @ाF त करने हतुे िनj निलिखत द? तावेज8 के साथ संबंिधत संघ राD य (े� के तटीय (े� @बंधन @ािधकरण को आवेदन @? तुत कर�गे: (क) अिधसूचना के उपाबंधउपाबंधउपाबंधउपाबंध----VVVV के अनुसार प>रयोजना सारांश का t यौरा। (ख) भवन िनमा ण प>रयोजनाJ या आवासीय ? क�म8 को छोड़कर सामु�0क और @ादिेशक घटक, जैसा लागू हो, सिहत � व>रत ईआईए >रपोट । (ग) इस अिधसूचना के तहत तैयार क� गई आईसीआरजेडपी के अनुसार, य�द प>रयोजनाएं कम और मS यम कटाव वाले भ-ूभाग8 म� अब ि?थत ह8 (ईआईए अिधसूचना के उपबंध8 को लागू करने हतुे िनधा >रत 16 THE GAZETTE OF INDIA : EXTRAORDINARY [PART II—SEC. 3(ii)] अवसीमा से कम िन|म त (े� वाली भवन िनमा ण प>रयोजनाJ/आवासीय योजनाJ को छोड़कर), तो प>रयोजनाJ के िलए संचयी अS ययन8 के साथ िव? तृत ईआईए। (घ) जोिखम मू� यांकन >रपोट और आपदा @बंधन योजना, ईआईए अिधसूचना के उपबंध8 को लागू करने हतुे िनधा >रत अवसीमा से कम िन|म त (�े वाली भवन िनमा ण प>रयोजनाJ/आवासीय योजनाJ को छोड़कर। (ड.) पया वरण, वन और जलवायु प>रवत न मं�ालय के तारीख 14 माच , 2014 के काया लय आदेश सं या ज-े17011/8/92-आईए-III के तहत अिभcात अिभकरण8 म� से �कसी अिभकरण 'ारा 1:4000 माप म� तैयार �कया गया आईसीआरजेड मानिच�, िजसम� एनसीएससीएम 'ारा �कए गए सीमांकन के अनुसार एचटीएल या एलटीएल का उपयोग �कया गया हो। (च) इस अिधसूचना के अधीन अनुमो�दत आईसीजेडएमपी के अनुसार, प>रयोजना सीमाJ और प>रयोजना के अव? थान क� आईसीआरजेड @वग को सE यकत: स े दशा ते Gए उपयु C त मानिच� पर अS यारोिपत प>रयोजना क� gपरेखा। (छ) आईसीआरजेड मानिच�, िजसम� सामाB यत: प>रयोजना के आस-पास के 7 �कलोमीटर } यासाध को शािमल �कया गया हो और अB य अिधसूिचत पा>रि?थितक�य दिृs से संवेदनशील (े�8 सिहत आईसीआरजेड-I, II, III और IV (े�8 को भी दशा या गया हो। (ज) औxोिगक बिह�ाव और मल-जल के उपचा>रत िन? सरण वाली प>रयोजनाJ के िलए संबंिधत राD य @दषूण िनयं�ण बोडw अथवा संघ राD य (े� क� @दषूण िनयं�ण सिमितय8 स े“? थािपत करने क� सहमित’’ या अनापिu @माणप�। य�द, @दषूण िनयं�ण बोड अथवा @दषूण िनयं�ण सिमित क� पूव सहमित @ाF त नह~ क� गई ह ैतो प>रयोजना का िनमा ण �\याकलाप शुg होने से पहले @? तावक 'ारा इस अिधसूचना के अधीन ? वीकृित @ाF त करना सुिनि�त �कया जाएगा। (ii) अंडमान और िनकोबार सीजेडएमए, यथा ि?थित, अनुमो�दत आईसीआरजेड योजना या आईआईएमपी के अनुसार तथा आईसीआरजेड अिधसूचना के अनुपालन म� उपयु C त (i) म� द? तावेज8 क� जाचं करेगा और पूण आवेदन क� @ाि� क� तारीख स ेसाठ �दन8 क� अविध के अंदर िनj निलिखत क� िसफा>रश� करेगा :- (क) उन प>रयोजनाJ या काय कलाप8 के िलए भी, िजनको ईआईए अिधसूचना, 2006 लागू होती ह,ै ईआईए अिधसूचना के अधीन समK अनापिu @ाF त करने के िलए @वग ‘क’ और @वग ‘ख’ प>रयोजनाJ हतुे सीजेडएमए अपनी िसमा>रश� पया वरण, वन और जलवायु प>रवत न मं�ालय या एसईआईएए को अKेिषत करेगा। परंतु, आईसीआरजेड-I या आईसीआरजेड-IV (े�8 म� अवि?थत ऐसी @वग ‘ख’ प>रयोजनाJ के िलए भी आईसीआरजेड अनापिu हतुे अिंतम िसफा>रश केवल पया वरण, वन और जलवायु प>रवत न मं�ालय 'ारा संबंिधत एसईआईएए को क� जाएगी ता�क वह उस @? ताव के संबंध म� समK पया वरणीय अनापिu और आईसीआरजेड अनापिu @दान कर सके। (ख) आईसीजेडएमए अपनी िसफा>रश� पया वरण, वन और जलवायु प>रवत न मं�ालय को उन प>रयोजनाJ/काय कलाप8 के िलए अKेिषत करेगा, िजB ह� ईआईए अिधसूचना, 2006 म� शािमल नह~ �कया ¹Hkkx IIµ[k.M 3(ii)º Hkkjr dk jkti=k % vlk/kj.k 17 गया ह ैoकंतु उन को आईसीआरजेड अिधसूचना लागू होती ह ैऔर जो सीआरजेड-I या सीआरजेड-IV (े�8 म� अवि?थत हH। (ग) उन प>रयोजनाJ/काय कलाप8, िजB ह� ईआईए अिधसूचना, 2006 म� शािमल नह~ �कया गया ह ैoकंतु उन को आईसीआरजेड अिधसूचना लागू होती ह ैऔर जो आईसीआरजेड-II या आईसीआरजेड-III (े�8 म� ि?थत हH, पर संबंिधत आईसीजेडएमए 'ारा @? तावक से पूण @? ताव @ाF त होने के साठ �दन8 के भीतर िवचार �कया जाएगा। (घ) उन िनमा ण प>रयोजनाJ, िजन को सीआरजेड अिधसूचना लागू होती ह ैपरंतु ईआईए अिधसूचना, 2006 के उपबंध8 को लागू करने हतुे िनधा >रत अवसीमा से कम िन|म त (े� होता ह,ै के मामले म� ऐस े@ािधकरण8 'ारा अनुमोदन @दान करने को सुिवधाजनक बनाने के िलए सीजेडएमए अपनी िसफा>रश8 को संघ राD य (े� के आयोजना @ािधकरण8 को अKेिषत करेगा। (iii) पया वरण वन और जलवायु प>रवत न मं�ालय आईसीजेडएमए क� िसफा>रश8 के आधार पर साठ �दन8 क� अविध के अंदर पूण प>रयोजना @? ताव8 को आईसीआरजेड अिधसूचना के तहत अनापिu @दान करने पर िवचार करेगा। (iv) य�द आईसीजेडएमए उनके पुनग ठन अथवा �कB ह~ अB य कारण8 से �\याशील न ह8, तो यह सघं राD य (े� @शासन के पया वरण िवभाग, जो आईसीआरजेड योजनाJ या आईआईएमपी के अिभर(क हH, का दािय� व होगा �क वह उC त अिधसूचना के उपबंध8 को S यान म� रखते Gए @? ताव8 पर >टF पणी द ेऔर उन पर िसफा>रश� करे। (v) (क) इस अिधसूचना के अधीन प>रयोजनाJ को दी गई अनापिu सात वषw क� अविध के िलए िविधमाB य होगी, बशत� �क िनमा ण संबंधी �\याकलाप ऐसी अनापिu जारी करने क� तारीख से सात वषw के अंदर पूरे हो जाएं और @चालन आरंभ हो जाए।ं (ख) वैधता को अिधकतम तीन वषw क� अविध के िलए और िव? ता>रत �कया जा सकता ह,ै बशतz �क आवेदक 'ारा वैधता क� अविध के अंदर सबंंिधत सघं राD य (े� तटीय (े� @बंधन @ािधकरण 'ारा अनापिu क� वैधता के िव? तार हतुे क� गई िसफा>रश के साथ-साथ संबंिधत @ािधकरण को आवेदन @? तुत �कया जाए। (vi) प& च अनापिu िनगरानी :- (क) प>रयोजना @? तावक के िलए यह अिनवाय होगा �क वह @� येक कलHडर वष क� 1 जून और 31 �दसj बर क� तारीख को संबंिधत िविनयामक @ािधकरण8 को हाड और सॉvट @ितय8 म� पया वरणीय अनापिu क� िनधा >रत िनबंधन8 तथा शतw के संबंध म� अध वा|ष क अनुपालन >रपोट @? तुत करे और प>रयोजना @? तावक 'ारा @? तुत क� गई ऐसी सभी अनुपालन >रपोटw को पिt लक डोमने म� @कािशत �कया जाएगा तथा संबंिधत सीजेडएमए को आवेदन करने पर उसक� @ितया ं�कसी भी } यि[ को उपलt ध कराई जाएगंी। (ख) अनुपालन >रपोट को संबंिधत िविनयामक @ािधकरण क� वेबसाइट पर भी @द|श त �कया जाएगा। (vii) सीजेडएमए क� काय @णाली म� पारद|श ता बनाए रखने हतुे, सीजेडएमए का यह दािय� व होगा �क वह एक सम|प त वेबसाइट का सृिजत करे और उस पर काय सूची, काय वृ� त, �कए गए िविन& चय8, अनापिu प�8, उ� लंघन8, उ� लंघन8 पर क� गई कार वाई तथा माननीय B यायालय के आदशे8 सिहत B यायालय मामल8 और संबंिधत सघं राD य (े� के 'ीप समूह क� अनुमो�दत आईसीआरजेड योजनाJ अथवा आईआईएमपी को अपलोड कर�। 18 THE GAZETTE OF INDIA : EXTRAORDINARY [PART II—SEC. 3(ii)]

9999.... आईसीआरजेड अिधसूचना का वत�नआईसीआरजेड अिधसूचना का वत�नआईसीआरजेड अिधसूचना का वत�नआईसीआरजेड अिधसूचना का वत�न :::: (i) पया वरण (संर(ण) अिधिनयम, 1986 के अधीन इस अिधसूचना के उपबंध8 के काया B वयन और @वत न तथा उसके अंतग त िनयत शतw के अनुपालन के @योजन के िलए, शि[यां या तो मूल gप से अथवा @� यायोिजत gप म� पया वरण, वन और जलवायु प>रवत न मं�ालय, संघ राD य (े� @शासन, एनसीजेडएमए और एससीजेडएमए के पास उपलt ध हH; (ii) एनसीजेडएमए और राD य सरकार या संघ राD य (े� के सीजेडएमए क� सरंचना, काय काल और अिधदशे को पया वरण, वन और जलवायु प>रवत न मं�ालय 'ारा माननीय उk चतम B यायालय 'ारा 1993 क� >रट यािचका 664 म� �दए गए आदशे8 के अनुसार पहले ही अिधसिूचत �कया जा चकुा ह।ै (iii) संघ राD य (े� क� सीजेडएमए, इस अिधसूचना के @वत न और िनगरानी हतुे तथा इस काय म� सहायता करने हतुे मु य gप से उ� तरदायी होगी तथा संघ राD य (े� संबंिधत िजला मिज? pेट क� अS य(ता म� िजला ? तरीय सिमितय8 का गठन कर�गी िजसम� मछुआर8 सिहत ? थानीय परंपरागत तटीय समदुाय8 के कम से कम तीन @ितिनिध शािमल ह8गे। संघ राD य (े� @शासन संबंिधत िजला मिज? pेट के ? तर पर इस अिधसूचना के @वत न के िलए अित>रC त @� यायोजन पर िवचार कर सकती ह।ै (iv) मछुआर8 सिहत परंपरागत तटीय समुदाय8 क� आवास इकाइय8, िजनको आईपीज़ेड अिधसूचना 2011 के उपबंध8 के अंतग त अनुमित @ाF त थी, ले�कन उनके संबंध म� उपयु C त अिधसूचना के अंतग त संबंिधत @ािधकरण8 से औपचा>रक अनुमोदन @ाF त नह~ �कया गया ह,ै उन पर संबंिधत संघ राD य (े� के सीजेडएमए 'ारा िवचार �कया जाएगा और आवास इकाइय8 को िनj निलिखत शतw के अS यधीन िविनयिमत �कया जाएगा, अथा त् : (क) इनका उपयोग �कसी वािणिDयक �\याकलाप के िलए नह~ �कया जाएगा। (ख) इB ह� �कसी गैर-परंपरागत तटीय समुदाय को िव\�त अथवा अंत>रत नह~ �कया जाएगा। [फा.सं. 12-14/2018-आईए-।।।] >रतेश कुमार Iसंह, संयुC त सिचव अनुबधंअनुबधंअनुबधंअनुबधं----IIII पा�रि?थितकAय संवेदी )े�* (ईएसए) के िलए सरं)णपा�रि?थितकAय संवेदी )े�* (ईएसए) के िलए सरं)णपा�रि?थितकAय संवेदी )े�* (ईएसए) के िलए सरं)णपा�रि?थितकAय संवेदी )े�* (ईएसए) के िलए सरं)ण, , , , सरु)ा और बंधन ढांचासरु)ा और बंधन ढांचासरु)ा और बंधन ढांचासरु)ा और बंधन ढांचा तटीय और समु0ी पा>रि?थितक�य संवेदी (े� (ईएसए) और भ-ूgपा� मक िवशेषताएं, तट के कायw को बनाए रखने म� मह� वपूण भिूमका िनभाती हH। कk छ वन? पित, समु0 तट, @वाल िभि� त इ� या�द, तटीय कटाव, तटरेखा प>रवत न, खारे पानी के @वेश को, िनयंि�त करने म� सहयोग दतेे हH और तटीय खतर8 जैसे तूफानी लहर8, च\वात8 और सुनािमय8 के िवgb @ाकृितक र(क के gप म� काय करते हH। ईएसए, तटीय आजीिवका के िलए @� य( और अ@� य( पा>र-@णाली सेवाएं @दान करके तट क� जैिवक अखy डता को बनाए रखता ह।ै इसके अित>र[, अनेक बGमू� य पुराताि�वक और िवरासत ? थल भी तट के पास ि?थत होते हH। अत:, उपरोC त (े�8/िवशेषताJ/? थल8 का संर(ण और सुर(ा करना आव& यक हो जाता ह।ै 1.1.1.1. सामाE यसामाE यसामाE यसामाE य उपाय उपाय उपाय उपाय (i) उपKह आंकड़8 का @योग करके एनसीएससीएम 'ारा सभी ईएसए क� पहचान क� जाएगी और सीमा-रेखा िनधा >रत क� जाएगी। ¹Hkkx IIµ[k.M 3(ii)º Hkkjr dk jkti=k % vlk/kj.k 19

(ii) ईएसए के संर(ण और सरु(ा का उ� लेख करते Gए, अिधसूचना म� िनिहत �दशा-िनदzश8 के अनुसार राD य/संघ राD य (े� सरकार�, @ािधकृत एज�िसय8 के माS यम से सीजेडएमपी तैयार करेगी। (iii) इस अिधसूचना के तहत अनुcेय काय कलाप8 को सीजेडएमपी म� शािमल �कया जाएगा। @� येक ईएसए के संर(ण, सुर(ा और @बंधन के िलए अपनाई गई िविशi ट शत� िनj निलिखत हH :- 1.11.11.11.1 कF छकF छकF छकF छ वन? प वन? प वन? प वन? पितितितित : : : : (i) कk छ वन? पित को वन सरं(ण अिधिनयम, 1980 के तहत वन के gप म� घोिषत �कया गया ह।ै इस अिधसूचना म� िनिहत �कसी अB य बात के होने पर भी, संबंिधत संघ राD य (े� @शासन8 या क� 0 सरकार 'ारा ऐसी कk छ वन? पित को वन (सरं(ण) अिध िनयम, 1980 के तहत वनभिूम के gप म� घोिषत �कया गया ह ैिजन पर केवल वन (संर(ण) अिध िनयम,1980 के उपबंध ही लागू ह8गे। (ii) वन संर(ण अिधिनयम, 1980 के तहत घोिषत नह~ क� गई कk छ वन? पित। (क) सरकारी भूिम म� कk छ वन? पित को संबंिधत राD य/सघं राD य (े� क� सरकार8 'ारा तैयार क� जाने वाली िव? तृत योजना के आधार पर सरंि(त �कया जाएगा। य�द कk छ वन? पित (े� 1000 वग मीटर से अिधक ह ैतो कk छ वन? पित (े� क� प>रिध के साथ-साथ 20 मीटर का बफर (े� उपलt ध कराया जाएगा। 20मीटर के इस बफर (े� का उपयोग, उxान िवकिसत करने, कk छ वन? पित जैव-िविवधता से संबंिधत अनुसंधान सुिवधाJ, संर(ण के िलए सुिवधाJ और इसी @कार के अB य कायw के िलए जन-सुिवधाJ हतुे �कया जा सकता ह।ै (ख) िनजी भिूम म� कk छ वन? पित के िलए बफर (े� क� आव& यकता नह~ होगी। 1.2 1.2 1.2 1.2 वाल और वाल िभिGयां और संबं# जैविविवधता: वाल और वाल िभिGयां और संबं# जैविविवधता: वाल और वाल िभिGयां और संबं# जैविविवधता: वाल और वाल िभिGयां और संबं# जैविविवधता: (i) @वाल और @वाल िभिuय8 और उनके आस-पास के (े�8 को नi ट करना @ितबंिधत काय कलाप ह।ै (ii) केवल अनुसंधान @योजनाथ अपेि(त कम मा�ा म� @वाल और @वाल िभिuय8 को छोड़कर सभी को सुरि(त रखा जाएगा। (iii) @वाल और @वाल िभिuय8 का @� यारोपण काय कलाप जब भी पुनg�व हतुे आव& यक हो, वB यजीव (संर(ण) अिधिनयम 1972 के तहत आव& यक अनुमोदन @ाF त करने के प& चात माB यता @ाF त अनुसंधान सं? थान8 से �कया जाएगा। (iv) मृत और/अथवा िवनi ट �कए गए @वाल (े�8 का जीव�bार और पुन? था पन �कया जाएगा। @वाल और @वाल िभिuय8 का संर(ण और सुर(ा िनj नवत क� जाएगी: (क) अिभcात और िनgिपत क� गई स�\य और सजीव @वाल और @वाल िभिuय8 को पया वरण (संर(ण) अिधिनयम, 1986 के तहत पा>रि?थितक�य gप से संवेदनशील (े� के gप म� घोिषत और अिधसिूचत �कया जाएगा। (ख) यह सिुनि�त �कया जाएगा �क @वाल8, @वाल िभिuय8 और इसके संबंb जैविविवधता के ? वा? � य के िलए हािनकारक कोई भी काय कलाप जैसे खनन, बिह�ाव और मलजल का िन? सारण, िनकष ण, बैला? ट जल का िन? सारण, पोत क� धुलाई, अB य पारj प>रक gप स ेगैर िवनाशकारी म� ? यन से इतर 20 THE GAZETTE OF INDIA : EXTRAORDINARY [PART II—SEC. 3(ii)] म� सयन, िनमा ण काय कलाप और उसके अनुgप काय कलाप @वाल (े�8 के भीतर और उनके आसपास नह~ �कए जाएंगे। 1.31.31.31.3 वB यजीव (संर(ण) अिधिनयम, 1972 (1972 का 53), वन संर(ण अिधिनयम, 1980 (1980 का 69) अथवा पया वरण (संर(ण) अिधिनयम, 1986 (1986 का 29) के @ावधान8 के तहत घोिषत �कए गए राI JीराI JीराI JीराI Jीय उLाय उLाय उLाय उLानननन,,,, समMुवत� उLान*समMुवत� उLान*समMुवत� उLान*समMुवत� उLान*,,,, अभयारN यअभयारN यअभयारN यअभयारN य,,,, आरि(त वन8, वB यजीव वास-? थल8 और अB य सुरि(त (े�8 सिहत बायो? फेयर >रजवw को िनj नवत संरि(त और सुरि(त �कया जाएगा; (i) उपरोC त सूचीबb �कए गए (े�8 का संर(ण और सुर(ा, संबंिधत अिधिनयम8/अिधसूचनाJ/ �दशािनदzश8 के उपबंध8 के अनुसार �कया जाएगा। (ii) बढ़ते Gए तूफान8, D वार-भाट8 और बाढ़8 से जान और माल क� (ित के िनवारण के िलए तटीय (े� म� वन (े� म� वृिb करने के िलए @यास �कए जाएंगे। (iii) संबंिधत राD य सरकार�/संघ शािसत @दशे शे� टर बे� ट पौध रोपण अथवा अव? थान के िलए अनुकूल सामKी रोिपत करने के अथवा जैव-ढाल बनाने हतुे ऐसे उपाय करने के िलए पया F त िनिधयां @दान कर�गे। 1111....4444 लवणीय दलदललवणीय दलदललवणीय दलदललवणीय दलदल :::: लवणीय दलदल का संर(ण और सुर(ा िनj नवत क� जाएगी: (i) लवणीय दलदल के (े�8 को संरि(त और सुरि(त �कया जाएगा और लवणीय दलदल म� ? थािनक जैविविवधता का संवध न करने के िलए @यास �कए जाएंगे। (ii) केवल ओवरहडे कB व�एग/pांसिमशन केब� स और pांसिमशन लाईन केब� स को भिूमगत िबछाने के िलए आव& यक काय कलाप8 को ही अनुमत �कया जाएगा। (iii) पारj प>रक gप से मछली पकड़ना लवणीय दलदल (े� म� अनुमेय ह।ै (iv) लवणीय दलदल (े�8 के आसपास अ? थायी पय टन सिुवधाJ पर �दशािनदzश8 म� िनधा >रत �कए गए कड़ ेमानदंड8 के अनुपालन करने क� शत के अS यधीन िवचार �कया जा सकता ह।ै (v) एनसीएससीएम 'ारा अिभcात और सीजेडएमपी 'ारा सीमाकंन �कए गए कम जैविविवधता वाले कितपय लवणीय दलदल (े�8 पर सा� ट पैन काय कलाप8 के िलए िवचार �कया जा सकता ह।ै 1.51.51.51.5 कछुO -ारा अंडा देने वाली भिूम को िन, नकछुO -ारा अंडा देने वाली भिूम को िन, नकछुO -ारा अंडा देने वाली भिूम को िन, नकछुO -ारा अंडा देने वाली भिूम को िन, नवत सरुि)त और संरि)त $कया जाएगा।वत सरुि)त और संरि)त $कया जाएगा।वत सरुि)त और संरि)त $कया जाएगा।वत सरुि)त और संरि)त $कया जाएगा। (i) संबंिधत राD य8/संघ शािसत @दशे8 'ारा अिभcात क� गई कछुJ 'ारा अंडा दनेे वाली भिूम को 1972 के वB यजीव (संर(ण) अिधिनयम के अनुसार सुरि(त �कया जाएगा। (ii) कछुJ 'ारा अंडा दनेे वाली भिूम म� और उसके आस पास @काश और S विन @दषूण उ� पB न करने वाले काय कलाप सिहत कोई भी काय कलाप इन ? थल8 के संर(ण और सुर(ा के िलए अपेि(त काय कलाप को छोड़कर अनुमत नह~ �कए जाएंगे। (iii) संबंिधत राD य/संघ शािसत @दशे8 के @ािधकरण8 'ारा कछुJ 'ारा अंडा दनेे वाली भिूम को सुरि(त रखने के िलए कड़ी @बंधन योजनाए ंशgु व काया िBवत क� जाएगी। ¹Hkkx IIµ[k.M 3(ii)º Hkkjr dk jkti=k % vlk/kj.k 21

1.61.61.61.6 नाल केकड़ा आवासनाल केकड़ा आवासनाल केकड़ा आवासनाल केकड़ा आवास----? थ? थ? थ? थल* को िन, नल* को िन, नल* को िन, नल* को िन, नवत सरुि)त और संरि)त $कया जाएगा: वत सरुि)त और संरि)त $कया जाएगा: वत सरुि)त और संरि)त $कया जाएगा: वत सरुि)त और संरि)त $कया जाएगा: (i) अिभcात वास-? थल8 पर सरं(ण और सरु(ा हतुे काय �कया जाएगा (ii) इन वास-? थल8 म� और उनके आसपास ऐसा कोई काय कलाप नह~ �कया जाएगा जो नाल केकड़ा क� पा>र@णाली को @भािवत करे। 1.7 1.7 1.7 1.7 समMुी घास R यासमMुी घास R यासमMुी घास R यासमMुी घास R या�रयो को िन, न�रयो को िन, न�रयो को िन, न�रयो को िन, नवत सुरि)त और सरंि)त $कया जाएगा।वत सुरि)त और सरंि)त $कया जाएगा।वत सुरि)त और सरंि)त $कया जाएगा।वत सुरि)त और सरंि)त $कया जाएगा। (i) अिभcात समु0ी घास C या>रयो को सुरि(त और संरि(त �कया जाएगा। (ii) ऐसा कोई िवकासा� मक काय कलाप, िजसका समु0ी घास C या>रय8 पर @ितकूल @भाव हो, शुg नह~ �कया जाएगा। (iii) राD य8/संघ शािसत @दशे8 'ारा जहां भी संभव हो, तटीय जल (े�8 के साथ-साथ समु0ी घास C या>रय8 का संवध न करने के िलए @यास �कए जाएंगे C य8�क यह काब न Iसकं के gप म� काय करता ह।ै 1.81.81.81.8 पि)य* -ारा घ*सला बनाने वाली भिूम को िन, नपि)य* -ारा घ*सला बनाने वाली भिूम को िन, नपि)य* -ारा घ*सला बनाने वाली भिूम को िन, नपि)य* -ारा घ*सला बनाने वाली भिूम को िन, नववववत सुरि)त और सरंि)त $कया जाएगात सुरि)त और सरंि)त $कया जाएगात सुरि)त और सरंि)त $कया जाएगात सुरि)त और सरंि)त $कया जाएगा: (i) पि(य8 'ारा घ8सला बनाने वाली भिूम सिहत उनके ? थानीय @वासी माग क� सरु(ा क� जाएगी। पवन च��य8 का िनमा ण, पारेषण लाइन8 को िबछाने, िवकासा� मक काय कलाप, सिहत कोई भी िजनका ? थानीय (े�8 म� पि(य8 'ारा घ8सला बनाने वाली भिूम और @वास के मागw पर @ितकूल @भाव हो सकता ह,ै को शुg नह~ �कया जाएगा। (ii) वन आवरण और लवण दलदल भिूम और अB य तटीय जल िनकाय8 क� जैविविवधता समृb बनाने सिहत वन आवरण और मHKोव आवरण म� वृिb करने के िलए @यास �कए जा�गे, ता�क पि(य8 के िलए उपयुC त पया वास उपलt ध हो सके। 1.91.91.91.9 भूभभूूभू----आकृित िव(ान कA दिृS से मह> वआकृित िव(ान कA दिृS से मह> वआकृित िव(ान कA दिृS से मह> वआकृित िव(ान कA दिृS से मह> वपणू� )े�* को िन, नपणू� )े�* को िन, नपणू� )े�* को िन, नपणू� )े�* को िन, नवत सुरि)त और बंिधत $कया जाएगा: वत सुरि)त और बंिधत $कया जाएगा: वत सुरि)त और बंिधत $कया जाएगा: वत सुरि)त और बंिधत $कया जाएगा: (i) अिभcात रेत के टील8 को िनj नवत संरि(त और सुरि(त �कया जाएगा। (क) अिभcात रेत के टील8 को पया वरण (सरं(ण) अिधिनयम, 1986 के तहत अिधसूिचत �कया जाएगा; (ख) पैदल माग , तj बुJ और अनुgप का ि?ट� ट पर पा>रि?थितक�य-दिृs से अनुकूल अ? थायी पय टन सुिवधाएं @दान करने को छोड़कर कोई िवकासा� मक काय कलाप अनुमत नह~ �कया जाएगा (ग) रेत के टील8 से अवशेष अथवा अB य अनुकूल रेत का @योग करके उिचत तरह से पुन:भरकर दलु भ धरती खिनज8 को हटाने को छोड़कर रेत के टील8 से रेत का खनन @ितबंिधत काय कलाप है। (घ) रेत के टील8 पर ऐसा कोई काय कलाप नह~ �कया जाएगा िजसके प>रणाम? वgप रेत के टील8 का अपरदन/िवनाश हो। (ड.) रेत क� टील8 पर केवल दशेज वन? पित जात से वनीकरण �कया जाएगा। (च) राD य/संघ शािसत @दशे सीमां�कत �कए गए रेत के टील8 के िलए @बंधन योजनाएं तैयार कर�गे। (ii)(ii)(ii)(ii) रेतील ेसमुM तटरेतील ेसमुM तटरेतील ेसमुM तटरेतील ेसमुM तट: (क) टेIलं_ स अथवा उपयुC त रेत का @योग करके उिचत तरह स ेपुन:पू|त करके परमाणु खिनज8 के हाथ से खनन को छोड़कर रेतीले सम0ु तट8 पर खनन @ितबंिधत ह।ै 22 THE GAZETTE OF INDIA : EXTRAORDINARY [PART II—SEC. 3(ii)] (ख) जब अनुमेय िवकासा� मक काय कलाप समु0 तट8 पर �कए जाते हH, तब य�द समीपवतq (े�8 म� सम0ु तट को (ित अनुमािनत होती ह,ै तब (ित के िलए @ितपू|त करने के िलए प>रयोजना @ािधकरण8 'ारा समु0 तट8 पर आव& यक समु0 तटीय पुनभ रण �कया जाएगा और इसका दीघा विध अनुर(ण उनके 'ारा सुिनि�त �कया जाएगा। (ग) राD य/संघ शािसत @देश सीमां�कत �कए गए समु0 तट8 के िलए @बंधन योजनाएं तैयार कर�गे। (iii) (iii) (iii) (iii) जैवीयजैवीयजैवीयजैवीय 4प से स$%य पंकभिूम4प से स$%य पंकभिूम4प से स$%य पंकभिूम4प से स$%य पंकभिूम (क) राD य/सरकार/संघ शािसत @देश @शासन के सहयोग से एनसीएसपीएम, चेB नै 'ारा जैवीय gप से स�\य पंकभिूम अिभcात क� जाएगी। (ख) राD य/संघ शािसत @दशे ऐसे सीमां�कत �कए गए जैवीय gप से स�\य पंकभिूम के िलए @बंधन योजनाएं तैयार कर�गे। 1.101.101.101.10 पुरात> वपुरात> वपुरात> वपुरात> व मह> व मह> व मह> व मह> व कA संरचनाएं और धरोहर मह> व कA संरचनाएं और धरोहर मह> व कA संरचनाएं और धरोहर मह> व कA संरचनाएं और धरोहर मह> व ? थ ? थ ? थ ? थल अथवा )े�ल अथवा )े�ल अथवा )े�ल अथवा )े� : : : : (i) पुरात� व अिभकरण, संबंिधत अिधिनयम8/अिधसूचनाJ/�दशािनदzश8 के उपबंध8 के अनुसार भारतीय पुरात� व सवz(ण 'ारा अिभcात क� गई सभी पुरात� व संरचनाJ और धरोहर ? थल8 के संर(ण और सुर(ा के िलए उ� तरदायी ह8गे। (ii) ऐसा कोई काय कलाप, जो अिभcात (े�8 अथवा पुरात� व और धरोहर मह� व क� संरचनाJ के िलए हािनकर हो, को अनुमत नह~ �कया जाएगा। (iii) यह सिुनि�त �कया जाएगा �क इन संरचनाJ अथवा (े�8 को प>ररि(त �कया जाए और ऐसी संरचनाJ के अKभाग/IFलंथ को िबना प>रव|त त �कए काय कलाप �कए जाए। ऐसी संरचनाJ को बाहरी वा? त ुअिभक� पना को प>रव|त त �कए िबना आंत>रक भाग क� सावधानीपूव क अिभक� पना करने के प& चात संगत मानक8 के अनुसार उपयोग करने हतुे िवचार �कया जा सकता है। अनुबंधअनुबंधअनुबंधअनुबंध----IIIIIIII आआआआईसीआरजेडईसीआरजेडईसीआरजेडईसीआरजेड----आईए को छोड़कर आईसीआरजेड म& भडंारण के िलए अनुमत पेJोआईए को छोड़कर आईसीआरजेड म& भडंारण के िलए अनुमत पेJोआईए को छोड़कर आईसीआरजेड म& भडंारण के िलए अनुमत पेJोआईए को छोड़कर आईसीआरजेड म& भडंारण के िलए अनुमत पेJोिलयम व रसायन उ> पािलयम व रसायन उ> पािलयम व रसायन उ> पािलयम व रसायन उ> पाद* कA सूचीद* कA सूचीद* कA सूचीद* कA सूची (i) कk चा तेल; (ii) 0वीकृत पेpोिलयम गैस; (iii) मोटर ि? @ट; (iv) कैरोिसन; (v) िवमानन �धन; (vi) उk च गित डीजल; (vii) लु�ीके�टंग ऑयल; (viii) t यूटेन; (ix) @ोपेन;

¹Hkkx IIµ[k.M 3(ii)º Hkkjr dk jkti=k % vlk/kj.k 23

(x) संपीिड़त @ाकृितक गैस; (xi) नाvथा; (xii) फनzस ऑयल; (xiii) लो स� फर हवैी ? टॉक; (xiv) 0वीकृत @ाकृितक गैस; (xv) उव रक व उव रक8 के उ� पादन हतेु कk चा माल; (xvi) एिस>टक अj ल; (xvii) मोनो इथायलीन _ लाइकोल। (xviii) पैराज़ाइलीन (xix) इथेन (xx) बुटाडाइन (xxi) मेथनोल (xxii) काि?टक (xxiii) िबटुमने अनुबधंअनुबधंअनुबधंअनुबधं----IIIIIIIIIIII अिभिहत आईसीआरजेड )े�* म& बीच �रजाटUअिभिहत आईसीआरजेड )े�* म& बीच �रजाटUअिभिहत आईसीआरजेड )े�* म& बीच �रजाटUअिभिहत आईसीआरजेड )े�* म& बीच �रजाटU या होटल* या पयट�न िवकास प�रयोजनाO के िवकास संबंधी $दशािनदVशया होटल* या पयट�न िवकास प�रयोजनाO के िवकास संबंधी $दशािनदVशया होटल* या पयट�न िवकास प�रयोजनाO के िवकास संबंधी $दशािनदVशया होटल* या पयट�न िवकास प�रयोजनाO के िवकास संबंधी $दशािनदVश 1.1.1.1. आईसीआरजेडआईसीआरजेडआईसीआरजेडआईसीआरजेड----IIIIIIII पय टक8 या याि�य8 के ठहरने के िलए आईसीआरजेड-।। के िनधा >रत (े�8 म� बीच >रजोटw/होटल8 का िनमा ण िनj निलिखत शतw के अS यधीन होगा, अथा त:- (i) िनमा ण क� अनुcा केवल िवxमान सड़क या िवxमान @ािधकृत िनधा >रत संरचनाJ क� भिूम क� तरफ के िलए दी जाएगी। (ii) िनजी सj पि� � य8 के आस-पास वन? पित (े� सिहत तारबाड़ तथा कंटीली तार-बाड़ क� अनुमित दी जाएगी बशतz �क तारबाड़ से �कसी भी तरह बीच पर जनता के आने-जाने म� बाधा न पड़े। (iii) रेत के टील8 को समतल नह~ �कया जाएगा; (iv) खेल सुिवधाJ के िलए गोल पो? ट, नेट पो? ट और लैj प पो? ट के अित>रC त �कसी भी @कार के ? थाई िनमा ण क� अनुमित नह~ होगी। (v) तहखाने के िनमा ण क� अनुमित इस आधार पर दी जा सकती ह ै�क संबंिधत भूगभ जल @ािधकरण स ेइस बात का अनापि� त @माण प� @ाF त करेगा �क िनमा ण उस (े� म� भ-ूगभqय जल के मुC त @वाह को @भािवत नह~ करेगा। (vi) संबंिधत भ-ूगभ जल @ािधकरण इस @कार से अनापि� त @माण प� जारी करने से पहले क� 0 सरकार 'ारा जारी �कए गए �दशा-िनदzश8 को S यान म� रखेगा। 24 THE GAZETTE OF INDIA : EXTRAORDINARY [PART II—SEC. 3(ii)]

(vii) प>रयोजना (े� से उपचा>रत बिह�ाव8, ठोस अपिशi ट8, उ� सज न8 क� गुणव� ता तथा S विन ? तर क� 0ीय एवं राD य @दषूण िनयं�ण बोड तथा पया वरण (सरं(ण) अिधिनयम, 1986 सिहत स(म @ािधकरण8 'ारा िनधा >रत मानक8 के अनुgप होगी। (viii) बिह�ाव8 और ठोस अपिशi ट8 के उपचार के िलए आव& यक @बंध �कए जाएं और यह सुिनि& चत �कया जाए �क अनुपचा>रत बिह�ाव8 और ठोस अपिशi ट का िवसज न जल म� अथवा बीच पर न �कया जाए; और बिह�ाव अथवा ठोस अपिशi ट का िवसज न बीच पर न �कया जाए। (ix) य�द प>रयोजना म� वने� तर @योजन8 के िलए वन भिूम का उपयोग शािमल ह,ै तो वन (संर(ण) अिधिनयम, 1980 के अंतग त अपेि(त ? वीकृित @ाF त क� जाएगी और प>रयोजना के िलए लागू अB य क� 0ीय तथा राD य िविधय8 क� अपे(ाJ को पूरा �कया जाएगा; तथा राD य या संघ राD य (े� के पय टन िवभाग क� अनुमित @ाF त क� जाएगी। 2.2.2.2. आईसीआरज़ेडआईसीआरज़ेडआईसीआरज़ेडआईसीआरज़ेड----IIIIIIIIIIII सैलािनय8 या याि�य8 के अ? थाई-िनवास हतेु आईसीआरज़ेड-।।। के िनधा >रत (े�8 म� बीच >रसोटw या होटल8 के िनमा ण, िनj नां�कत प>रि?थितय8 के अS यधीन ह8गे, अथा त; (i) िनजी सj पि� � य8 के आस-पास वन? पित (े� सिहत तारबाड़ तथा कंटीली तार-बाड़ क� अनुमित दी जाएगी बशतz �क तारबाड़ से �कसी भी तरह बीच पर जनता के आने-जाने म� बाधा न पड़े: (ii) रेत के टील8 को समतल नह~ �कया जाएगा; (iii) खेल सिुवधाJ के िलए, गोल पो? ट, नेट पो? ट और लैj प पो? ट के अित>रC त �कसी भी @कार के ? थायी िनमा ण क� अनुमित नह~ होगी; (iv) तहखाने के िनमा ण क� अनुमित इस आधार पर दी जा सकती ह ै�क राD य भूगभ जल @ािधकरण से इस आशय का अनापिu @माण-प� @ाF त �कया जाएगा �क ऐसा िनमा ण-काय उस (े� म� भ-ूगभqय जल के मुC त @वाह को @ितकूल gप से @भािवत नह~ करेगा; (v) भ-ूगभ जल @ािधकरण, इस @कार का अनापिu @माण प� जारी करने से पहले केB 0 सरकार 'ारा जारी �कए गए �दशा-िनदzश8 पर िवचार करेगा; (vi) यxिप िवकास @ितिषb (े� म� vलोर ? पेस इंडCे स क� सगंणना के िलए �कसी भी @कार के िनमा ण क� अनुमित नह~ ह,ै तथािप सj पूण भ-ूखy ड का (े�फल, िजसम� वह भाग भी शािमल होगा जो िवकास @ितिषb (े� के अंतग त आता ह,ै को भी S यान म� रखा जाएगा; (vii) सभी तल8 (vलोर) का कुल ढका Gआ (े�, भ-ूखy ड के कुल आकार के 33 @ितशत से अिधक नह~ होना चािहए, अथा त vलोर ? पेस इंडCे स 0.33 से अिधक नह~ होना चािहए तथा खुला (े� समतल होगा और उिचत वन? पितय8 से आk छा�दत होगा; (viii) िनमा ण-काय , आस-पास क� ? थलाकृित एवं ? थानीय वा? तुकला शलैी के अनुgप होगा;

¹Hkkx IIµ[k.M 3(ii)º Hkkjr dk jkti=k % vlk/kj.k 25

(ix) िनमा ण-काय म� छत क� कुल ऊंचाई 9 मीटर से D यादा नह~ होगी और दो तल से D यादा (नीचे का तल व उसके ऊपर का तल) का िनमा ण नह~ होगा; (x) भूगभ -जल को उk च D वार रेखा म� 200 मीटर के नीचे से नह~ िलया जाएगा; 200-500 मीटर के ज़ोन म� इसे केB 0ीय या संघ राD य (े� के भू-जल बोड क� सहमित से ही िलया जा सकता ह;ै (xi) उk च D वार रेखा के 500 मीटर क� दरूी म� बालू का खनन, समतल करना या बालू को खोदना, केवल भवन क� बुिनयाद या ? वीIमंग पुल को छोड़कर अनुcात नह~ होगा; (xii) प>रयोजना (े� म� उदचा>रत बिह�ाव8, ठोस कचरे, उ� सज न8 और S विन के ? तर और इसी @कार के अB य क� गुणव� ता, क� 0ीय @दषूण िनयं�ण बोड या संघ राD य (े� @दषूण िनयं�ण सिमित सिहत स(म @ािधकरण8 'ारा पया वरण (संर(ण) अिधिनयम, 1986 के अधीन बनाए गए मानक8 के अनुसार होगी; (xiii) बिह�ाव8 तथा ठोस कचरे के उपचार हतुे आव& यक } यव? थाय� क� जानी चािहए और इस बात को सुिनि�त करना चािहए �क अनुपचा>रत बिह�ाव तथा ठोस कचरे को पानी म� या बीच पर फ�का न जाए; तथा कोई भी बिह�ाव या ठोस कचरा, बीच पर छोड़ा नह~ जाएगा; (xiv) बीच पर लोग8 क� पGचं को अनुcात करने हतुे �कB ह~ दो होटल8 या बीच >रज़ॉटw के मS य कम से कम 20 मीटर क� चौड़ाई का अB तराल होना चािहए; और �कसी भी ि?थित म� कुल अB तराल 500 मीटर से कम नह~ होगा; तथा (xv) य�द प>रयोजना म� वने� तर @योजन8 के िलए वन भिूम का उपयोग शािमल ह,ै तो वन (संर(ण) अिधिनयम, 1980 के अंतग त अपेि(त ? वीकृित @ाF त क� जाएगी और प>रयोजना के िलए लागू अB य क� 0ीय तथा राD य िविधय8 क� अपे(ाJ को पूरा �कया जाएगा; तथा राD य या संघ राD य (े� के पय टन िवभाग क� अनुमित @ाF त क� जाएगी। �ट� प�ट� प�ट� प�ट� पणी :णी :णी :णी : पा>रि?थितक�य gप स े संवेदनशील (े�8 (जैस�ेक समु0ी पाक , मHKोव, @वालिभिu, मछिलय8 का जनन व पालने का (े�, वB यजीव पया वास तथा ऐसे अB य (े� िजB ह� केB 0 या सघं राD य (े� @शासन 'ारा अिधसूिचत �कया गया हो) म� बीच >रज़ॉट या होटल8 के िनमा ण क� अनमुित नह~ होगी। अनुबधंअनुबधंअनुबधंअनुबधं----IV IV IV IV कककक -ीप -ीप -ीप -ीप तटीय तटीय तटीय तटीय िविनिविनिविनिविन यमन यमन यमन यमन ज़ोन (आईसीआरजडे) योजनाएं तैयार करन ेहेतु $दशाज़ोन (आईसीआरजडे) योजनाएं तैयार करन ेहेतु $दशाज़ोन (आईसीआरजडे) योजनाएं तैयार करन ेहेतु $दशाज़ोन (आईसीआरजडे) योजनाएं तैयार करन ेहेतु $दशा----िनदVशिनदVशिनदVशिनदVश 1.1.1.1. उF चउF चउF चउF च W वा W वा W वा W वार रेखा औरर रेखा औरर रेखा औरर रेखा और िन, निन, निन, निन, न W वा W वा W वा W वार रेखा का िचE हांर रेखा का िचE हांर रेखा का िचE हांर रेखा का िचE हांकन कन कन कन एनसीएससीएम 'ारा उk च D वार रेखा (एचटीएल) और िनj न D वार रेखा (एलटीएल) का �कया गया सीमा ंकन ही इस अिधसूचना के अधीन सभी @योजन8 के िलए लागू होगा। 2. ‘‘‘‘जोिखम रेखाजोिखम रेखाजोिखम रेखाजोिखम रेखा’:’:’:’: सवz ऑफ इिyडया (एसओआई) 'ारा �कसी समयाविध म� Gए जल ? तर घट-बढ़, समु0 ? तर म� वृिb और तट रेखा प>रवत न8 (अप(रण/संचयन) के कारण भू-(े� म� बाढ़ के िव? तार को S यान म� रखते Gए ‘जोिखम रेखा’ का सीमांकन �कया जा रहा ह।ै जोिखम रेखा का उपयोग अनुकूलक और उपशमन उपाय8 क� योजना बनाने सिहत तटीय पया वरण के िलए आपदा @बंधन योजना बनाने हतुे एक उपकरण के तौर पर �कया जाएगा। तटीय समुदाय8 क� असुर(ा म� कमी करने और सतत आजीिवका सिुनि�त करने के िवचार से सीज़ेडएमपी को तैयार करते समय 26 THE GAZETTE OF INDIA : EXTRAORDINARY [PART II—SEC. 3(ii)] जोिखम रेखा और एचटीएल के बीच के (े� के िलए भिूम उपयोग क� योजना बनाते समय जलवायु प>रवत न और तटरेखा प>रवत न8 के ऐसे @भाव8 को S यान म� रखा जाएगा। 3.3.3.3. आईसीआरजेड मानिच� का िनमा�ण आईसीआरजेड मानिच� का िनमा�ण आईसीआरजेड मानिच� का िनमा�ण आईसीआरजेड मानिच� का िनमा�ण (i) 1:25,000 पैमाने का आधार मानिच� सवz ऑफ इिyडया (एसओआई) से अ|ज त �कया जाएगा और जब कभी भी 1:25,000 पैमाने का मानिच� उपलt ध नह~ होगा तो ऐसी ि?थित म� आधार मानिच� तैयार करने के @योजन के िलए 1:50,000 पैमाने के मानिच� को 1:25,000 तक बड़ा करके @योग �कया जाएगा तथा ये मानिच� िनj ना�ंकत मानक िविनदzश8 के अनुgप ह8गे :– इकाई : 7.5 िमनट X 7.5 िमनट अंकन : सवz ऑफ इिyडया क� शीट क� सा यांकन पbित के अनुसार (ैितज आधार : एवरे? ट या डt � यजूीएस 84 ऊS वा धर आधार : औसत समु0 ? तर (एमएसएल) ? थालाकृित : एसओआई मानिच� क� ? थलाकृित को आधुिनक उपKह इमेजेरी या ए>रयल फोटोKाफ का उपयोग करते Gए अxतन बनाया जाएगा। (ii) पया वरण, वन और जलवायु प>रवत न मं�ालय के काया लय आदशे सं या ज-े17011/8/92-आईए-।।।, तारीख 14 माच , 2014 के 'ारा अिभcात �कसी भी अिभकरण 'ारा उk च D वार रेखा या एलटीएल के सीमांकन का उपयोग करते Gए 1:25,000 पैमाने का आईसीआरजेड मानिच� तैयार �कया जाएगा, जैसा�क एनसीएससीएम 'ारा �कया जाता है। (iii) िविभB न िविनयामक रेखाएं अथा त एचटीएल से \मश: 20 मीटर, 50 मीटर, 200 मीटर और 500 मीटर क� दरूी पर, जैसा�क िविभB न आईसीआरजेड �िेणय8 म� लागू ह,ै का िचB हांकन �कया जाएगा और उB ह� आईसीआरजेड मानिच�8 म� ? थानांत>रत �कया जाएगा। (iv) एचटीएल, एलटीएल और आईसीआरजेड सीमाJ, यथा लागू, को भी आईसीआरजेड मानिच�8 म� D वार से @भािवत होने वाले अंतदzशीय जल िनकाय8 के तट8 के साथ िचB हां�कत �कया जाएगा। (v) िविभB न समु0 तटीय (े�8 का वगqकरण, आईसीआरजेड अिधसूचना के अनुसार �कया जाएगा और मानक राi pीय अथवा अB तरराi pीय रंग कोड8 को @योग �कया जाएगा। 3.3.3.3. ? था? था? था? थानीय ? तनीय ? तनीय ? तनीय ? तर के आईसीआरजेड मानिच� र के आईसीआरजेड मानिच� र के आईसीआरजेड मानिच� र के आईसीआरजेड मानिच� (i) ? थानीय ? तर के आईसीआरजेड मानिच�8, आईसीआरजेड योजना के �\याB वयन को सकुर बनाने के िलए ? थानीय िनकाय8 तथा अB य अिभकरण8 के @योग हतुे हH। (ii) कराधान हतुे बनाए गए भ-ू? वािम� व (Kामीण) मानिच�, जो�क 1:3960 या इसके िनकटतम पैमाने पर हH और जो राज? व @ािधकरण8 के पास यथा उपलt ध हH, को आधार मानिच�8 के gप म� @योग �कया जाएगा। ¹Hkkx IIµ[k.M 3(ii)º Hkkjr dk jkti=k % vlk/kj.k 27

(iii) एचटीएल, एलटीएल और अB य आईसीआरजेड िविनयामक रेखाJ का िचB हांकन, कराधान हतुे बनाए गए भ-ू? वािम� व मानिच�8 म� �कया जाएगा और वगqकरण8 को ? थानीय सीज़ेडएम मानिच�8 म� ? थानांत>रत �कया जाएगा। 4444.... आईसीआरजेड )े�* का वग�करण आईसीआरजेड )े�* का वग�करण आईसीआरजेड )े�* का वग�करण आईसीआरजेड )े�* का वग�करण (i) आईसीआरजेड मानिच�8 म� (े� क� भ-ूउपयोग योजना ? पi ट gप से िचिBहत क� जाएगी और एनसीएससीएम 'ारा तटीय राD य8 और संघ राD य (े�8 के @शासन को उपलt ध कराए गए मानिच�ण के अनुसार पा>रि?थितक�य gप से संवेदनशील (े�8 (ईएसए) या आईसीआरजेड-। क (े�8 को िचB हां�कत �कया जाएगा। ऐसे सभी ईएसए को रंग कोडो 'ारा समिुचत ढ़ंग से सीमां�कत �कया जाएगा। (ii) 1000 वग मी. स ेअिधक के मHKोव (े�8 के चार8 ओर बफर (े� को, मHKोव (े� से िभB न करते Gए अलग रंग से िचB हा�ंकत �कया जाएगा। बफर (े� को भी आईसीआरजेड-। (े� के gप म� वगqकृत �कया जाएगा। (iii) आईसीआरजेड (े�8 म�, मछुआरा समुदाय के गांव, उनक� साझा संपिuयां, मछली पकड़ने के घाट, बफ संयं�, मछली सुखाने के F लेटफाम अथवा (े�, मछुआरा और ? थानीय समदुाय क� ढांचागत सुिवधाJ जसेै �क दवाखाना, सड़क� , िवxालय इ� या�द को भू-कर पैमाने के मानिच� पर उपद|श त �कया जाएगा। राD य, िव? तार और अB य ज़gरत8, साफ-सफाई, सुर(ा और आपदा तैयारी सिहत मूल सेवाJ क� } यव? थाJ को S यान म� रखते Gए तटीय मछुआरा समदुाय8 क� दीघ कालीन आवासीय ज़gरत8 के िलए िव? तृत योजनाएं तैयार कर�गे। (iv) आईसीआरजेड-IV के जल (े�8 को िचB हां�कत �कया जाएगा और य�द जल (े�सम0ु, लगून, बैकवॉटर, \�क, खाड़ी और मुहाना आ�द हो तो उसे ? पi ट gप स े िचB हां�कत �कया जाएगा और जल (े�8 के इस @कार के वगqकरण के िलए नैवल-हाइ{ोKै�फक काया लय 'ारा @योग क� जाने वाली शt दावली का @योग �कया जाएगा। (v) जल (े�8 म� मछली पकड़ने के ? थान8 तथा मछली @जनन (े� को ? पi ट gप से िचिBहत �कया जाएगा। (vi) समु0 क� ओर िवxमान @ािधकृत िवकास कायw को ? पi ट gप से िचB हां�कत �कया जाएगा। (vii) च\वात8, तूफान8, सुनािमय8 तथा इस तरह क� आपदा के दौरान बचाव तथा राहत कायw के उLे& य के िलए आईसीआरजेड योजनाJ म� च\वात आ�य8, वषा शािलकाJ, हिेलपैड8 तथा अB य आधारभूत संरचनाJ सिहत सड़क नेटवक जैसी िवशेषताJ को ? पi ट gप स ेउपद|श त �कया जाएगा। (viii) भवन8 के िनमा ण या अB य काय कलाप8 को आईसीआरजेडपी के अधीन अनुcात �कया जाएगा बशतz �क ठोस तथा 0व अपिशi ट8 का उिच�त @बंधन तथा िनपटान पया वरणीय मानक8, िनयम8 तथा कानून8 इ� या�द के अनुसार �कया जाएगा। �कसी भी प>रि?थित म� अनुपचा>रत बिह�ाव8 का तटीय जल म� िन? सारण नह~ �कया जाएगा। 5.5.5.5. आईसीआरजेड योजनाO पर जनता स ेपरामश� आईसीआरजेड योजनाO पर जनता स ेपरामश� आईसीआरजेड योजनाO पर जनता स ेपरामश� आईसीआरजेड योजनाO पर जनता स ेपरामश� (i) तैयार �कए गए @ाgप आईसीआरजेडपी का } यापक gप से @चार �कया जाएगा तथा पया वरण (संर(ण) अिधिनयम, 1986 के अनुसार सुझाव और आ(पे @ाF त �कए जाएंगे। जन-सुनवाई, संबंिधत सीजेडएमए 'ारा िजला ? तर पर क� जाएगी। 28 THE GAZETTE OF INDIA : EXTRAORDINARY [PART II—SEC. 3(ii)]

(ii) @ाF त सुझाव8 तथा आ(ेप8 के आधार पर आईसीआरजेडपी म� संशोधन �कया जाएगा तथा इस पर पया वरण, वन और जलवायु प>रवत न मं�ालय का अनुमोदन @ाF त �कया जाएगा। (iii) अनुमो�दत आईसीआरजेडपी को पया वरण, वन और जलवायु प>रवत न मं�ालय क� वेबसाइट तथा संबंिधत राD य, सघं राD य (े� सीजेडएमए क� वेबसाइट पर रखा जाएगा तथा इसक� हाड कॉपी पंचायत काया लय, िजला कलC टर के काया लय तथा इसी तरह के काया लय8 को उपलt ध कराई जाएगी। 6. 6. 6. 6. आईसीआरजेड योजनाO का पुनरी)ण आईसीआरजेड योजनाO का पुनरी)ण आईसीआरजेड योजनाO का पुनरी)ण आईसीआरजेड योजनाO का पुनरी)ण (i) संदहे होने पर संबंिधत राD य या संघ राD य (े� के तटीय (े� @बंधन @ािधकरण, मामले को राi pीय संवहनीय तटीय @बंधन केB 0 को िनhद i ट करेगा जो अxतन उपKह िच�� तथा वा? तिवकता के आधार पर आईसीआरजेडपी का स� यापन करेगा। (ii) अपेि(त होने पर संशोिधत मानिच� को पया वरण, वन और जलवायु प>रवत न मं�ालय के िवचाराथ @? तुत �कया जाएगा। अनुबंध-IV ख एकAकृत -ीप बंधन योजना (आईआईएमपी) तैयार करनेएकAकृत -ीप बंधन योजना (आईआईएमपी) तैयार करनेएकAकृत -ीप बंधन योजना (आईआईएमपी) तैयार करनेएकAकृत -ीप बंधन योजना (आईआईएमपी) तैयार करने हतुे $दशाहतुे $दशाहतुे $दशाहतुे $दशा----िनदVशिनदVशिनदVशिनदVश

1. एक�कृत 'ीप @बंधन योजना वैcािनक पbित तथा िनमा ण क� गई/िनमा ण के िलए @? तािवत उपयुC त तटीय संर(ण सरंचनाJ के आधार पर तैयार क� जाएगी और (े� म� योजनाबb काय कलाप8 के अित>रC त उपद|श त क� जाएगी तथा सघं राD य (े� @शासन म� संबंिधत @ािधकरण 'ारा उसे अनुमो�दत कराया जाएगा। तदपुरांत, अंितम मंजूरी के िलए उसे एनसीजेडएमए के पास अKेिषत �कया जाएगा।

2. एक�कृत 'ीप @बंधन योजना (आईआईएमपी) तैयार करने हतुे जलीय (े� सिहत संपूण 'ीप के संबंध म� िवचार �कया जाएगा।

3. एक�कृत 'ीप @बंधन योजनाएं 10 वषw क� समय-सीमा के साथ सभी वत मान और भावी िवकास कायw, संर(ण एवं प>रर(ण योजनाJ को उसम� उपद|श त करते Gए तैयार क� जाएंगी।

4. एक�कृत 'ीप @बंधन योजना के अधीन समु0 तल से ऊंचाई, भ-ूआकृित िवcान, समु0 स् तर के gझान8 तथा (ैितज रेखा िव? थापन के आधार पर जान-माल क� असुर(ा क� संभावना का समाधान �कया जाएगा और एक�कृत 'ीप @बंधन योजना म� उन (े�8 को उपद|श त �कया जाएगा जो िनवास करने क� इकाइय8, आधारभूत ढांचे के िवकास और इस @कार के अB य कायw तथा ? थानीय समुदाय8 के जान-माल के उपयुC त सरु(ोपाय8, @ाकृितक जोिखम8 से िनपटने के िलए बुिनयादी ढांच ेके िनमा ण आ�द के िलए सुरि(त ह8।

5. आंत>रक सड़क8 सिहत सभी मौजूदा सड़क8 को सुदढ़ृ �कया जाएगा C य8�क ये सड़क� @ाकृितक जोिखम8 के दौरान आजीिवका, संचार, बचाव काय , राहत काय और लोग8 को बाहर िनकालने के उपाय8 को काया िBवत करने म� सहायक ह8गी।

6. आबादी वाल े(े�8 के समीपवतq उ� थािपत (े�8 या ऊंचाई वाल े? थान8 पर यथेi ट gप से च\वात शरण-? थल8 को िचिBहत और िन|म त �कया जाएगा। ¹Hkkx IIµ[k.M 3(ii)º Hkkjr dk jkti=k % vlk/kj.k 29

7. िवxमान एवं नए िवxालय8, बाज़ार (े�8 तथा अB य जन-सुिवधाJ (साव जिनक शौचालय8 को छोड़कर), जहां बड़ी सं या म� लोग एकि�त होते हH, को सामाB य gप से सुरि(त (े�8, वरीयता के आधार पर उ� थािपत (े�8 या संरि(त (े�8, पर ? थािपत करने का सझुाव �दया जाएगा।

8. समु0 तट पर जल (े� क� ओर िम�ी को पया F त जैव-संर(ण @दान करने हतुे उसम� म�Kोव वन? पितय8 सिहत ? थानीय वन? पित और वृ( लगाए जाएंगे तथा अB य ह� के सुर(ोपाय �कए जाएंगे।

9. रेत के टीले, जो बाढ़ क� घटना म� @ाकृितक अवरोधक का काम करते हH, का झाि़डयां लगाकर या उपयुC त उपाय8 के माS यम से संर(ण और अनुर(ण या पुनg� थान �कया जाएगा।

10. 'ीप समूह के @शासन8 'ारा यथानुशंिसत मछली पकड़ने के उपकरण क� सं? थापना सिहत ? थानीय समुदाय8 'ारा पारंप>रक तरीके से मछली पकड़ने के संबंध म� कोई @ितबंध नह~ लगाया जाएगा।

11. इस योजना म� उिचत वैcािनक अS ययन करने के उपरांत िवशषे gप स ेसम0ु तल से रेत (15 मीटर स ेअिधक क� गहराई से) जैसी िनमा ण सामKी के खनन क� अनुमित दी जा सकती ह;ै (i) बांस, ? थानीय वन� पाद8 जैसी वैकि�पक िनमा ण सामKी को अिभcात करके उनका @योग �कया जा सकता ह;ै (ii) धातु, खाली �ट-t लॉक8 और इस @कार क� अB य सामिKय8 को मु य भूिम से आयाितत �कया जाएगा।

12. गैर-पारंप>रक ऊजा संसाधन8, िवशेष gप से पवन ऊजा , सौर ऊजा और D वारीय ऊजा , िवलवणीकरण, जल पुन:च\ण के @योग और ? थानीय उ� पाद8 के @योग पर बल �दया जाएगा।

13. अिधमानत: एक�कृत 'ीप @बंधन योजना म�, @ाकृितक आपदाJ के मामले म� च\वात, सूनामी और इस @कार क� अB य आपदा के िलए शी� चेतावनी @णाली उपलt ध कराई जाएगी और लोग8 को आपदा से बाहर िनकालने तथा राहत उपाय काया िBवत करने क� योजना तैयार क� जाएगी

14. एक�कृत 'ीप @बंधन योजना म�, @ाकृितक आपदाJ के कारण िव? थािपत Gए लोग8 को अB य� बसाने तथा उनके पुनवा स हतुे आव& यक उपबंध �कए जाएंगे।

15. एक�कृत 'ीप @बंधन योजना म�, मानव ब? ती वाले इलाक8 को भी शािमल �कया जाएगा और उनके भावी िवकास के िलए योजना तैयार क� जाएगी।

16. वन (संर(ण) अिधिनयम, 1980 (1980 का 69) या वB यजीव (संर(ण) अिधिनयम, 1972 (1972 का 53) के अंतग त अिधसिूचत आरि(त वन8, संरि(त वन8, राi pीय उxान8 और अभयारy य8 के अधीन आने वाले (े�8 तथा पया वरण (संर(ण) अिधिनयम, 1986 (1986 का 29) के अंतग त सरंि(त (े�8 म� �कसी @कार के िवकास काय कलाप8 क� अनुमित नह~ दी जाएगी।

17. योजना तैयार करते समय जो मानव बि?तया ंअथवा ? थानीय समदुाय8 क� बुिनयादी संरचनाएं मौजदू हH उB ह� िव? थािपत नह~ �कया जाएगा।

18. पुन|न मा ण काय कलाप8 सिहत मौजूदा भवन8 या बुिनयादी ढांचे क� मरj मत क� अनुमित @दान क� जाएगी। 30 THE GAZETTE OF INDIA : EXTRAORDINARY [PART II—SEC. 3(ii)]

19. आईआईएमपी बृहत ? तर पर आयोजना के िलए 1:25,000 पैमाने के मानिच� म� और लघ ु? तर पर आयोजना के िलए 1:10,000 पैमाने या कैड?े pल पैमाने के मानिच� म� तैयार क� जाएगी।

20. योजना तैयार करते समय सभी @योजन8 के िलए एनसीएससीएम, चेB नई 'ारा िचB हां�कत उk च D वार-रेखा का @योग �कया जाएगा। अनुबधंअनुबधंअनुबधंअनुबधं----VVVV प�रयोजना सचूना का िववरण प�रयोजना सचूना का िववरण प�रयोजना सचूना का िववरण प�रयोजना सचूना का िववरण 1. 1. 1. 1. प�रयोजना िववरण प�रयोजना िववरण प�रयोजना िववरण प�रयोजना िववरण क. प>रयोजना का नाम ख. सवz नं./गांव/को|ड नेट ग. िजला घ. राD य ड. �कसके िलए @? ताव (संबंिधत (े� का चयन कर�) ह ै: (i) आईसीआरजेड के तहत नयी मंजूरी (ii) पहले से जारी आईसीआरजेड क� मंजरूी म� संशोधन (iii) पहले से जारी आईसीआरजेड मंजूरी क� वैधता को बढ़ाना च. आवेदक का नाम छ. आवेदक का पता ज. संपक का िववरण : (दरूभाष स ं या तथा ईमेल पता) झ. प>रयोजना क� लागत (करोड़ �. म�) 2.2.2.2. प�रयोजना का लाभ प�रयोजना का लाभ प�रयोजना का लाभ प�रयोजना का लाभ क. प>रयोजना लाभ का िववरण ख. सभंािवत रोजगार का सृजन (हां/ना) (i) अपेि(त कुल जनशि[ (ii) ? थायी रोजगार (सं या) (iii) अ? थायी रोजगार (सं या) (iv) अ? थायी रोजगार - िनमा ण के दौरान (सं या) (v) अ? थायी रोजगार- @चालन के दौरान (सं या ¹Hkkx IIµ[k.M 3(ii)º Hkkjr dk jkti=k % vlk/kj.k 31

3333. . . . िवचाराधीन प�रयोजना का िववरण (प�रयोजना कA Yणेी का चयन कर&) : िवचाराधीन प�रयोजना का िववरण (प�रयोजना कA Yणेी का चयन कर&) : िवचाराधीन प�रयोजना का िववरण (प�रयोजना कA Yणेी का चयन कर&) : िवचाराधीन प�रयोजना का िववरण (प�रयोजना कA Yणेी का चयन कर&) : क. क. क. क. आYय/भवन/नाग�रक सिुवधाआYय/भवन/नाग�रक सिुवधाआYय/भवन/नाग�रक सिुवधाआYय/भवन/नाग�रक सिुवधाएं एं एं एं (i) कुल (े�/िन|म त (े� (वग मी. म�) (ii) संरचना क� ऊंचाई (iii) एफएसआई अनुपात (iv) संबंिधत नगर योजना @ािधकारी/पंचायत इ� या�द का नाम (v) कार पा�कa ग (े� के @ावधान का िववरण ख. ख. ख. ख. तटीय सड़क& /तटीय सड़क& /तटीय सड़क& /तटीय सड़क& /? टी? टी? टी? टीZ टZ टZ टZ ट पर सड़क& पर सड़क& पर सड़क& पर सड़क& (i) भिूम सुधार का (े� (ii) उbार के िलए अनुमािनत मलवा/िम�ी क� मा�ा (iii) प>रवहन क� (मता (iv) सड़क का प>रमाप ग. ग. ग. ग. थम�ल पावर [ लोथम�ल पावर [ लोथम�ल पावर [ लोथम�ल पावर [ लो डाऊन स ेपाइपलाइन& डाऊन स ेपाइपलाइन& डाऊन स ेपाइपलाइन& डाऊन स ेपाइपलाइन& (i) पाइपलाइन क� लंबाई (ii) आईसीआरजेड (े� क� लंबाई अनुपात (iii) खुदाई क� गहराई (iv) खुदाई क� चौड़ाई (v) समु0 के �कनारे से समु0 क� गहराई तक पाइप लाइन क� लंबाई (vi) समु0 जल क� सतह स ेआऊट F वांइट क� गहराई (vii) िन? सारण Iबंद ुपर प>रवेश के ऊपर बिह�ाव का तापमान घ.घ.घ.घ. पाइपलाइन के मा] यपाइपलाइन के मा] यपाइपलाइन के मा] यपाइपलाइन के मा] यम से शोिधत बिह^ाव का समुM तट म& िनपटान म से शोिधत बिह^ाव का समुM तट म& िनपटान म से शोिधत बिह^ाव का समुM तट म& िनपटान म से शोिधत बिह^ाव का समुM तट म& िनपटान (i) @वेश/िनकास का ? थान (ii) आउटफाल Iबंद ुक� गहराई (iii) पाइपलाइन क� लंबाई (iv) आईसीआरजेड (े� क� अनु@ाय लंबाई (v) खुदाई क� गहराई (vi) खुदाई क� चौड़ाई (vii) �कनारे स ेलकेर गहरे समु0 सकंरी खाड़ी तक पाइपलाइन क� लंबाई 32 THE GAZETTE OF INDIA : EXTRAORDINARY [PART II—SEC. 3(ii)]

(viii) जल के सतह से आउट फाल Iबंद ुक� गहराई (ix) िन? सारण Iबंद ुपर जल क� गहराई (x) बिह�ाव, बीओडी, सीओडी, टीएसएस, तेल एवं Kीस, भारी धातुए ं ड. ड. ड. ड. सामान*/रसायन* के भN डासामान*/रसायन* के भN डासामान*/रसायन* के भN डासामान*/रसायन* के भN डारण कA सुिवधारण कA सुिवधारण कA सुिवधारण कA सुिवधा (i) रसायन का नाम (ii) रसायन का अंितम उपयोग (iii) भy डारण के िलए टHक8 क� सं या (iv) टHक8 क� (मता चचचच.... अपतटीय ढांचा अपतटीय ढांचा अपतटीय ढांचा अपतटीय ढांचा (i) अB वेषण या िवकास (ii) समु0तल क� गहराई (iii) >र_ स क� सं या (iv) F लेटफाम क� स ं या (v) समूह जमाव ? टेशन8 का िववरण छछछछ.... िवलवणीकरण सयंं�िवलवणीकरण सयंं�िवलवणीकरण सयंं�िवलवणीकरण सयंं� (i) िवलवणीकरण क� (मता (ii) कुल लवण जल उ� पादन (iii) िन? सारण Iबंद ुपर प>रवेश से ऊपर बिह�ाव का तापमान (iv) प>रवेशी लवणता (v) िनपटान Iबंद ु जजजज.... दलु�भ भिूम/आणिवक खिनज* का खननदलु�भ भिूम/आणिवक खिनज* का खननदलु�भ भिूम/आणिवक खिनज* का खननदलु�भ भिूम/आणिवक खिनज* का खनन (i) खनन क� (मता (ii) िनकाले जाने वाले खिनज के @कार (iii) खिनज का अंितम उपयोग (iv) खनन प�ा/जांच पड़ताल तथा अनुमो�दत खनन योजना िववरण के िलए सरकारी आदशे (v) खनन प�ा (े� क� सीमा ¹Hkkx IIµ[k.M 3(ii)º Hkkjr dk jkti=k % vlk/kj.k 33 झझझझ.... मलजल शोधन संयं� मलजल शोधन संयं� मलजल शोधन संयं� मलजल शोधन संयं� (i) (मता (ii) िनमा ण का कुल (े� (iii) सीपीसीबी/एसपीसीबी/अB य @ािधकृत अिभकरण8 'ारा यथािनधा >रत बिह�ाव मापदंड का अनुपालन (iv) C या िन? सारण समु0 जल/संकरी खाड़ी म� �कया जा रहा ह?ै य�द हां • समु0 तट/D वारीय नदी के �कनारे से समु0ी आऊट फाल Iबदं ुक� दरूी • समु0ी जल/नदी जल के सतह स ेआऊट फाल Iबंद ुक� गहराई • आऊट फाल Iबंद ुपर समु0 तल/नदी तल क� गहराई ञञञञ.... लाइट हाऊस लाइट हाऊस लाइट हाऊस लाइट हाऊस (i) सं? थापना/F लेटफाम का कुल भूिम (े� (ii) संरचना क� ऊंचाई ट.ट.ट.ट. पवन चR कAपवन चR कAपवन चR कAपवन चR कA (i) (मता (मेगावाट) (ii) पवन चC क� क� ऊंचाई (iii) पवन चC क� का } यास (iv) t लेड क� लंबाई (v) घूण न क� गित (vi) @सारण क� �दशा, (ऊपरी या भिूमगत) ठ.ठ.ठ.ठ. अE यअE यअE यअE य (i) कृपया मह� वपूण िवशेषताएं के साथ उ� लेख कर� (ii) संगत कागजात8 को दशा ए ं(केवल पीडीएफ म� अपलोड कर�) 4. 4. 4. 4. सीआरजेड वग�करण के अनुसार प�रयोजना कA ि?थित सीआरजेड वग�करण के अनुसार प�रयोजना कA ि?थित सीआरजेड वग�करण के अनुसार प�रयोजना कA ि?थित सीआरजेड वग�करण के अनुसार प�रयोजना कA ि?थित (य�द प>रयोजना ? थल िविभB न/िभB न सीआरजेड �िेणय8 म� पड़ता ह ैतब भी उसका उ� लेख �कया जाए) । 5. 5. 5. 5. आईपीजेड अिधसूचना कA धारा िजसके तहत यआईपीजेड अिधसूचना कA धारा िजसके तहत यआईपीजेड अिधसूचना कA धारा िजसके तहत यआईपीजेड अिधसूचना कA धारा िजसके तहत यह प�रयोजना अनुमत/िविनयिमत काय�कलाप है। ह प�रयोजना अनुमत/िविनयिमत काय�कलाप है। ह प�रयोजना अनुमत/िविनयिमत काय�कलाप है। ह प�रयोजना अनुमत/िविनयिमत काय�कलाप है। 6.6.6.6. प�रयोजना िनधा�रण के िलए आव_ यप�रयोजना िनधा�रण के िलए आव_ यप�रयोजना िनधा�रण के िलए आव_ यप�रयोजना िनधा�रण के िलए आव_ यक काय� )�े क काय� )�े क काय� )�े क काय� )�े क.क.क.क. एचटीएलएचटीएलएचटीएलएचटीएल, , , , एलटीएल सीमांकन दशा�त े`ए 1:4000 एलटीएल सीमांकन दशा�त े`ए 1:4000 एलटीएल सीमांकन दशा�त े`ए 1:4000 एलटीएल सीमांकन दशा�त े`ए 1:4000 प�रमाणप�रमाणप�रमाणप�रमाण आईआईआईआईसीआरजेड मानिच� और एचटीएल से सीआरजेड मानिच� और एचटीएल से सीआरजेड मानिच� और एचटीएल से सीआरजेड मानिच� और एचटीएल से समीपी प�रयोजना सीमासमीपी प�रयोजना सीमासमीपी प�रयोजना सीमासमीपी प�रयोजना सीमा दीवार (मीटर म&) कA दरूी का उZ लेदीवार (मीटर म&) कA दरूी का उZ लेदीवार (मीटर म&) कA दरूी का उZ लेदीवार (मीटर म&) कA दरूी का उZ लेख $कया जाएगा:ख $कया जाएगा:ख $कया जाएगा:ख $कया जाएगा: (i) अपलोड मैप (�कमी म� फाइल) 34 THE GAZETTE OF INDIA : EXTRAORDINARY [PART II—SEC. 3(ii)] ख.ख.ख.ख. प�रयोजना कA ि?थित के वग�करण सिहत अE यप�रयोजना कA ि?थित के वग�करण सिहत अE यप�रयोजना कA ि?थित के वग�करण सिहत अE यप�रयोजना कA ि?थित के वग�करण सिहत अE य तैयार अिधसिूचत ईएसए के साथ तैयार अिधसिूचत ईएसए के साथ तैयार अिधसिूचत ईएसए के साथ तैयार अिधसिूचत ईएसए के साथ आईआईआईआईसीआरजेड सीआरजेड सीआरजेड सीआरजेड मानिच�मानिच�मानिच�मानिच� –––– 1:4000 1:4000 1:4000 1:4000 प�रमाणप�रमाणप�रमाणप�रमाण पर अ] यापर अ] यापर अ] यापर अ] यारोिपत प�रयोजना का अिभिवE यारोिपत प�रयोजना का अिभिवE यारोिपत प�रयोजना का अिभिवE यारोिपत प�रयोजना का अिभिवE यास स स स (i) अपलोड मैप (�कमी म� फाइल) ग.ग.ग.ग. प�रयोजना ? थप�रयोजना ? थप�रयोजना ? थप�रयोजना ? थल के आस पास स ेल के आस पास स ेल के आस पास स ेल के आस पास स े7777 $कमी d या$कमी d या$कमी d या$कमी d यास को शािमल करत े`एस को शािमल करत े`एस को शािमल करत े`एस को शािमल करत े`ए 1:250001:250001:250001:25000 प�रमाणप�रमाणप�रमाणप�रमाण पर पर पर पर आईआईआईआईसीआरजेड सीआरजेड सीआरजेड सीआरजेड मानिच� मानिच� मानिच� मानिच� :::: (i) अपलोड मैप (फाइल �कमी म�) 7. 7. 7. 7. प�रयोजना कA ि?थित प�रयोजना कA ि?थित प�रयोजना कA ि?थित प�रयोजना कA ि?थित (चयन का @कार) (i) कटाव न होने वाल ेतट (ii) िनj न एवं मS यम कटाव वाले तट (iii) अ� यिधक कटाव वाले तट 8. 8. 8. 8. शािमल वन/कF छशािमल वन/कF छशािमल वन/कF छशािमल वन/कF छ वन? प वन? प वन? प वन? पित भिूम का िववरण (हां/ना) य$द हां तो ित भिूम का िववरण (हां/ना) य$द हां तो ित भिूम का िववरण (हां/ना) य$द हां तो ित भिूम का िववरण (हां/ना) य$द हां तो (i)(i)(i)(i) अपव|त त भिूम का िववरण (ii)(ii)(ii)(ii) @? तुत क� जाने वाली पया वरण मंजरूी (द? तावेज अपलोड कर�) (iii)(iii)(iii)(iii) इस प>रयोजना म� काटे जाने वाले पेड़8 क� सं या (iv)(iv)(iv)(iv) @? तुत क� जाने वाली @ितपूरक वनीकरण योजना (द? तावेज अपलोड कर�) 9.9.9.9. ईएसए/तटीय पाक� /वE यईएसए/तटीय पाक� /वE यईएसए/तटीय पाक� /वE यईएसए/तटीय पाक� /वE यजीव अe याजीव अe याजीव अe याजीव अe यारN यरN यरN यरN य से ? तासे ? तासे ? तासे ? तािवत िवत िवत िवत प�रयोजना कA दरूीप�रयोजना कA दरूीप�रयोजना कA दरूीप�रयोजना कA दरूी (i) प>रयोजना ? थल के 10 �कमी के दायरे म� (हां/ना) य�द हां • एनडt� यूबीएल स ेअनुमित को @? तुत करना (द? तावेज अपलोड कर�) 10.10.10.10. राW यराW यराW यराW य/सघं राW य/सघं राW य/सघं राW य/सघं राW य )े� के दषूण िनयं�ण बोड� स े ा� त )े� के दषूण िनयं�ण बोड� स े ा� त )े� के दषूण िनयं�ण बोड� स े ा� त )े� के दषूण िनयं�ण बोड� स े ा� त अनापिG माण प� या ? था अनापिG माण प� या ? था अनापिG माण प� या ? था अनापिG माण प� या ? थापना कA सहमित पना कA सहमित पना कA सहमित पना कA सहमित (हां/ना) य$द हां (हां/ना) य$द हां (हां/ना) य$द हां (हां/ना) य$द हां (i) एनओसी क� @ित @? तुत कर� (द? तावेज अपलोड कर�) (ii) लागू शतw का उ� लेख कर� (द? तावेज अपलोड कर�) 11.11.11.11. ईआईए अ] यईआईए अ] यईआईए अ] यईआईए अ] ययन (संबंिधत िवषय को भर&) यन (संबंिधत िवषय को भर&) यन (संबंिधत िवषय को भर&) यन (संबंिधत िवषय को भर&) क.क.क.क. ? थ? थ? थ? थलीय अ] यलीय अ] यलीय अ] यलीय अ] ययन यन यन यन (i) ईआईए (? थलीय) अS ययन का संि(F त t यौरा (ii) ईआईए म� क� गई सं? तुित को अपलोड कर� (द? तावेज अपलोड कर�) (iii) अS ययन क� समयाविध का उ� लेख ख. ख. ख. ख. समMु तटीय अ] यसमMु तटीय अ] यसमMु तटीय अ] यसमMु तटीय अ] ययन यन यन यन (i)(i)(i)(i) ईआईए (समु0ी) अS ययन के सारांश का िववरण (ii)(ii)(ii)(ii) ईआईए म� क� गई सं? तुित को अपलोड कर� (द? तावेज अपलोड कर�) (iii)(iii)(iii)(iii) अS याय क� समयाविध का उ� लेख ¹Hkkx IIµ[k.M 3(ii)º Hkkjr dk jkti=k % vlk/kj.k 35

12. 12. 12. 12. आपदा बंधन योजना/राI Jीआपदा बंधन योजना/राI Jीआपदा बंधन योजना/राI Jीआपदा बंधन योजना/राI Jीय तेल पGन आपदा संभावना योजना (य$द लाग ूहो) य तेल पGन आपदा संभावना योजना (य$द लाग ूहो) य तेल पGन आपदा संभावना योजना (य$द लाग ूहो) य तेल पGन आपदा संभावना योजना (य$द लाग ूहो) 13. 13. 13. 13. तरल बिह^ाव के िन? सातरल बिह^ाव के िन? सातरल बिह^ाव के िन? सातरल बिह^ाव के िन? सारण म& शािमल प�रयोजना : रण म& शािमल प�रयोजना : रण म& शािमल प�रयोजना : रण म& शािमल प�रयोजना : (i) एसटीपी क� (मता (ii) उ� पB न बिह�ाव क� मा�ा (iii) शोिधत बिह�ाव क� मा�ा (iv) शोधन और िनपटान क� पbित 14.14.14.14. ठोस अपिशI टठोस अपिशI टठोस अपिशI टठोस अपिशI ट के िन? सा के िन? सा के िन? सा के िन? सारण म& शािमल प�रयोजना : रण म& शािमल प�रयोजना : रण म& शािमल प�रयोजना : रण म& शािमल प�रयोजना : (i) ठोस अपिशi ट का @कार (ii) उ� पB न ठोस अपिशi ट क� मा�ा (iii) िन? सारण क� पbित (iv) प>रवहन का ? वgप 15.15.15.15. जल कAजल कAजल कAजल कA आव_ यआव_ यआव_ यआव_ यकता (केएलडी) कता (केएलडी) कता (केएलडी) कता (केएलडी) (i) अपेि(त जल क� मा�ा (ii) जल का �ोत (iii) य�द भिूमगत जल (सीजीडt � यूए या @ािधकृत िनकाय से अनुमोदन क� @ित अपलोड कर�) (iv) य�द कोई अB य �ोत हो (स(म @ािधकारी स े@ाF त अनुमित क� @ित संल_ न कर�) (v) प>रवहन का ढ़ंग (vi) जलापू|त क� @ितबbता (द? तावेज अपलोड कर�) 16. 16. 16. 16. जल शोधन तथा पुन_ चजल शोधन तथा पुन_ चजल शोधन तथा पुन_ चजल शोधन तथा पुन_ च%ण का िववरण (य$द कोई हो) (ब`िवध िविSय* कA अनु(ा है)%ण का िववरण (य$द कोई हो) (ब`िवध िविSय* कA अनु(ा है)%ण का िववरण (य$द कोई हो) (ब`िवध िविSय* कA अनु(ा है)%ण का िववरण (य$द कोई हो) (ब`िवध िविSय* कA अनु(ा है) @कार/�ोत सृिजत अपिशi ट जल क� मा�ा (�कलो लीटर @ित �दन) शोधन (मता (�कलो लीटर @ित �दन) शोधन (मता िनपटान क� पbित छोड़े गए जल क� मा�ा (�कलो लीटर @ित �दन) पुन& च\ण/पुन: उपयोग म� @युC त शोिधत जल क� मा�ा 17.17.17.17. वषा� जल संचय का िववरण वषा� जल संचय का िववरण वषा� जल संचय का िववरण वषा� जल संचय का िववरण (i)(i)(i)(i) भy डारण टHक8 क� सं या (ii)(ii)(ii)(ii) टHक क� कुल (मता (iii)(iii)(iii)(iii) >रचाज ग ो क� सं या 36 THE GAZETTE OF INDIA : EXTRAORDINARY [PART II—SEC. 3(ii)]

(iv)(iv)(iv)(iv) ग ो क� (मता 18. 18. 18. 18. अपेि)त ऊजा� और ^ोत अपेि)त ऊजा� और ^ोत अपेि)त ऊजा� और ^ोत अपेि)त ऊजा� और ^ोत (i) कुल अपेि(त ऊजा (�कलोवाट एच) (ii) �ोत (iii) समझौते क� @ित अपलोड कर� (केवल पीडीएफ म� अपलोड कर�) (iv) एवजी @बंधन (िववरण) 19. 19. 19. 19. ऊजा� द)ता/बचत ऊजा� द)ता/बचत ऊजा� द)ता/बचत ऊजा� द)ता/बचत के उपाय के उपाय के उपाय के उपाय (i) �ोत/? वgप (ii) बचत का िववरण 20. 20. 20. 20. राW यराW यराW यराW य तटीय )े� बंधन ािधकरण कA स?ं तु तटीय )े� बंधन ािधकरण कA स?ं तु तटीय )े� बंधन ािधकरण कA स?ं तु तटीय )े� बंधन ािधकरण कA स?ं तुित ित ित ित (i) सीजेडएमए क� सं? तुित क� @ित अपलोड कर� (केवल पीडीएफ म� अपलोड कर�) (ii) लागू शतw के अनुपालन क� ि?थित 21. 21. 21. 21. R याR याR याR या ? ता ? ता ? ता ? ताव पर ईआई अिधसूव पर ईआई अिधसूव पर ईआई अिधसूव पर ईआई अिधसूचनाचनाचनाचना, 2006 , 2006 , 2006 , 2006 लागू है (हां/ना) लागू है (हां/ना) लागू है (हां/ना) लागू है (हां/ना) (i) उसक� �ेणी का t यौरा C या ह?ै (ii) ईसी के िलए @? ताव का t यौरा (जैसा लागू हो) 22.22.22.22. सामािजक तथा पया�वरणीय मामल* तथा सझुाए गए उपशमन के उपाय* सिहत ले$कन आर एंड आरसामािजक तथा पया�वरणीय मामल* तथा सझुाए गए उपशमन के उपाय* सिहत ले$कन आर एंड आरसामािजक तथा पया�वरणीय मामल* तथा सझुाए गए उपशमन के उपाय* सिहत ले$कन आर एंड आरसामािजक तथा पया�वरणीय मामल* तथा सझुाए गए उपशमन के उपाय* सिहत ले$कन आर एंड आर, , , , जलजलजलजल, , , , वायुवायुवायुवायु, , , , खतरनाक अपिशI टखतरनाक अपिशI टखतरनाक अपिशI टखतरनाक अपिशI ट, , , , पा�रि?थितकAय पहलू इ> यापा�रि?थितकAय पहलू इ> यापा�रि?थितकAय पहलू इ> यापा�रि?थितकAय पहलू इ> या$द तक सीिमत नहh। (संि)� त$द तक सीिमत नहh। (संि)� त$द तक सीिमत नहh। (संि)� त$द तक सीिमत नहh। (संि)� त िववरण द&) िववरण द&) िववरण द&) िववरण द&) 23.23.23.23. E याE याE याE यायालय के मामल* का िववरण यालय के मामल* का िववरण यालय के मामल* का िववरण यालय के मामल* का िववरण C या प>रयोजना तथा या भिूम जहां प>रयोजना ? थािपत करने का @? ताव के िवgb कोई मामला B यायालय म� लंिबत ह ै(हा/ंना) य$द हांय$द हांय$द हांय$द हा,ं , , , लंिबत या समा� तलंिबत या समा� तलंिबत या समा� तलंिबत या समा� त (सुसंगत का चयन कर�) (i) B यायालय का नाम (उk चतम B यायालय, उk च B यायालय, एनजीटी) (ii) मामला सं या (iii) मामले का िववरण (iv) B यायालय का आदशे/िनदzश य�द कोई हो तथा @? तािवत प>रयोजना से इसक� संगतता (द? तावेज अपलोड कर�) 24. 24. 24. 24. अित�रR तअित�रR तअित�रR तअित�रR त सूचना सूचना सूचना सूचना, , , , कोई हो कोई हो कोई हो कोई हो वचनब#ता : वचनब#ता : वचनब#ता : वचनब#ता : यह @मािणत �कया जाता ह ै�क उपयु C त दी गई जानकारी मेरी जानकारी और िव& वास के अनुसार पूण तया स� य ह ैतथा सीआरजेड अिधसूचना, 2011 के उपाबंध8 के उ� लंघन संबंधी �कसी भी त� य को छुपाया नह~ गया ह।ै आवेदक का नाम और ह? ता(र तारीख :

¹Hkkx IIµ[k.M 3(ii)º Hkkjr dk jkti=k % vlk/kj.k 37 MINISTRY OF ENVIRONMENT, FOREST AND CLIMATE CHANGE NOTIFICATION New Delhi, the 8th March, 2019 S.O.1242(E).—Whereas by notification of the Government of India in the erstwhile Ministry of Environment and Forests number S.O.20 (E),dated the 6 th January, 2011 (hereinafter referred to as the Island Protection Zone Notification, 2011), the Central Government declared certain coastal stretches of Andaman and Nicobar and Lakshadweep as the Island Protection Zone (hereinafter referred to as the IPZ); under Section 3 of Environment (Protection) Act, 1986;

And Whereas, the Ministry of Environment, Forest and Climate Change has received representations from Union territories (UTs) of Lakshadweep and Andaman and Nicobar, besides other stakeholders, regarding certain provisions in the IPZ Notification, 2011 related to management and conservation of marine and coastal ecosystems, development in coastal areas, eco-tourism, livelihood options and sustainable development of coastal communities etc;

And Whereas, various stakeholders have requested the Ministry of Environment, Forest and Climate Change to address the concerns related to coastal environment and sustainable development with respect to the IPZ Notification, 2011;

And Whereas, the Ministry of Environment, Forest and Climate Change had constituted a Committee under the Chairmanship of Dr. Shailesh Nayak to examine various issues and concerns of coastal states and Union territories and various stakeholders, relating to the IPZ Notification 2011 and to recommend appropriate changes in the said Notification;

And Whereas, the report submitted by Dr. Shailesh Nayak Committee has been examined in the Ministry and consultations have been held with various stakeholders in this regard;

Now, therefore in exercise of the powers conferred by sub-section (1) and clause (v) of sub-section (2) of section 3 of the Environment (Protection) Act, 1986 and in supersession of Island Protection Zone Notification 2011, vide number S.O.20(E), dated the 6th January, 2011, except as respects things done or omitted to be done before such supersession, the Central Government, with a view to conserve and protect the unique environment of coastal stretches and marine areas, besides livelihood security to the fisher communities and other local communities in the coastal areas and to promote sustainable development based on scientific principles taking into account the dangers of natural hazards, sea level rise due to global warming, does hereby, declare the coastal stretches of the eight bigger oceanic islands in Andaman and Nicobar namely, Middle Andaman, North Andaman, South Andaman, Great Nicobar, Baratang, Havelock, Little Andaman, Car Nicobar Islands and the water area up to territorial water limits of the country, as the Island Coastal Regulation Zone (hereinafter referred to as the ICRZ) as under:

(i) The land area from High Tide Line (hereinafter referred to as the HTL) to 200 meters on the landward side along the sea front for Group-I Islands and 100 meters on the landward side along the sea front for Group-II Islands.

(ii) The eight bigger oceanic islands in Andaman and Nicobar (ICRZ Islands) shall be grouped as follows:

Group-I: Islands with geographical areas >1000 sq.km such as South Andaman, Middle Andaman, North Andaman and Great Nicobar.

Group-II: Islands with geographical areas >100 sq.km but < 1000 sq.km such as Baratang, Little Andaman, Havelock and Car Nicobar.

Explanation,- For the purposes of this Notification, the expression “High Tide Line” means the line on the land upto which the highest water line reaches during the spring tide, as demarcated by the National Centre for Sustainable Coastal Management (NCSCM), Chennai in accordance with the laid down procedures.

(iii)(a) The ICRZ shall apply to the land area between HTL to 20 meters or width of the creek, whichever is less on the landward side along the tidal influenced water bodies that are connected to the sea and the distance upto which development along such tidal influenced water bodies is to be regulated shall be governed by the distance upto which the tidal effects are experienced which shall be determined based on salinity concentration of five parts per thousand (ppt) measured during the driest period of the year and distance up to which tidal effects are experienced shall be clearly identified and demarcated accordingly in the Island Coastal Regional Zone Plans (hereinafter referred to as the ICRZ Plans).

(b) The distance of the ICRZ along the tidal influence water bodies, thus determined, shall be demarcated accordingly in the Island Coastal Zone Management Plan (hereinafter referred to as the ICRZP).

38 THE GAZETTE OF INDIA : EXTRAORDINARY [PART II—SEC. 3(ii)]

(c) The ICRZ boundaries along the creeks etc. as above shall however be subject to revision and final approval of the respective ICRZ Plans as per this Notification, framed with due consultative process and public hearing etc. and environmental safeguards enlisted therein. Till such time the ICRZ Plans to this notification is approved, the limit of 100 meters or width of the creek whichever is less, shall continue to apply.

Explanation: For the purposes of this sub-paragraph the expression tidal influenced water bodies means the water bodies influenced by tidal effects from sea in the bays, estuaries, rivers, creeks, backwaters, lagoons and ponds etc. that are connected to the sea.

(iv) The intertidal zone means the land area between the HTL and the Low Tide Line (hereinafter referred to as the LTL).

(v) The water and the bed area between the LTL to the territorial water limit (12 Nm) in case of sea and the water and the bed area between LTL at the bank to the LTL on the opposite side of the bank, of tidal influenced water bodies.

2. Classification of the ICRZ – For the purpose of conserving and protecting the coastal areas and marine waters, the ICRZ area shall be classified as follows, namely:-

(i) ICRZ-I areas are environmentally most critical and shall be further classified as under:

(ii) ICRZ-IA:

(a) The ICRZ-I A shall constitute the following ecologically sensitive areas and the geo- morphological features which play a role in the maintaining the integrity of the coast viz.:

(i) Mangroves. In case mangrove area is more than 1000 square meters, a buffer of 20 meters along the mangroves shall be provided and such area shall also constitute CRZ –I A.

(ii) Corals and coral reefs;

(iii) Sand Dunes;

(iv) Biologically active Mudflats;

(v) National parks, marine parks, sanctuaries, reserve forests, wildlife habitats and other protected areas under the provisions of Wild Life (Protection) Act, the Forest (Conservation) Actor Environment (Protection) Act; including Biosphere Reserves;

(vi) Salt Marshes;

(vii) Turtle nesting grounds;

(viii) Horse shoe crab’s habitat;

(ix) Sea grass beds;

(x) Seaweeds,

(xi) Nesting grounds of birds;

(xii) Areas or structures of archaeological importance and heritage sites.

(b) A detailed environment management plan shall be formulated by the Union territories for such ecologically sensitive areas (ESAs) in respective territories, as mapped out by NCSCM, based on guidelines as contained in Annexure-I and integrated in the ICRZ Plans.

(iii) ICRZ-I B: The CCRZ-IB shall consist of the intertidal zone i.e. the area between Low Tide Line and High Tide Line shall constitute the ICRZ-I B.

(iv) ICRZ-II:

(a) The ICRZ-II shall constitute the developed land areas up to or close to the shoreline, within the existing municipal limits or in other existing legally designated urban areas, which are substantially built-up with a ratio of built up plots to that of total plots being more than 50% and have been provided with drainage and approach roads and other infrastructural facilities, such as water supply and sewerage mains etc.

(b) The Land areas along the creeks or tidal influence water bodies, located in the ICRZ II shall also be earmarked as ICRZ II and the distance upto which the ICRZ is to be reckoned as the land area between HTL to 20 meters or width of the creek, whichever is less on the landward side along the tidal influenced water bodies that are connected to the sea and the distance upto which development along such tidal influenced water bodies is to be regulated shall be governed by the distance upto which the tidal effects are experienced which shall be determined based on salinity concentration of five parts per thousand (ppt) ¹Hkkx IIµ[k.M 3(ii)º Hkkjr dk jkti=k % vlk/kj.k 39 measured during the driest period of the year and distance up to which tidal effects are experienced shall be clearly identified and demarcated accordingly in the Island Coastal Regional Zone Plans (hereinafter referred to as the ICRZ Plans).

(v) ICRZ-III: The land areas that are relatively undisturbed (viz. rural areas etc.) and those do not fall under ICRZ-II, shall constitute ICRZ-III.

Explanation.- 1. For Group-I Islands, the area up to 100 meter from the HTL on the landward side shall be earmarked as the No Development Zone (NDZ).

Provided that the NDZ for development of eco-tourism activities shall be 50 m and the Andaman and Nicobar administration shall ensure that the concerns of the fishing community are fully protected.

2. For Group-II Islands, the area up to 50 mts from the HTL on the landward side shall be earmarked as the No Development Zone (NDZ).

Provided that the NDZ for development of eco-tourism activities shall be 20 m and the A&N administration shall ensure that the concerns of the fishing community are fully protected.

(vi) Land area up to 20 m from the HTL, or width of the creek whichever is less, along the tidal influenced water bodies in the CRZ III, shall also be earmarked as the NDZ and the distance upto which the NDZ is to be reckoned as the land area between HTL to 20 meters or width of the creek, whichever is less on the landward side along the tidal influenced water bodies that are connected to the sea and the distance upto which development along such tidal influenced water bodies is to be regulated shall be governed by the distance upto which the tidal effects are experienced which shall be determined based on salinity concentration of five parts per thousand (ppt) measured during the driest period of the year and distance up to which tidal effects are experienced shall be clearly identified and demarcated accordingly in the Island Coastal Regional Zone Plans (hereinafter referred to as the ICRZ Plans).

Note: The NDZ shall not be applicable in such areas falling within notified Port limits.

(vii) ICRZ-IV.- The ICRZ - IV shall constitute the water area and shall be further classified as under:

(viii) ICRZ- IVA.- The water area and the sea bed area between the Low Tide Line up to twelve (12) nautical miles on the seaward side shall constitute ICRZ-IV A.

(ix) ICRZ- IVB.- ICRZ-IV B areas shall include the water area and the bed area between LTL at the b

Find the provision, not just read it

The full text above is free, and it stays free. What a free CourtMesh account adds is everything you cannot do by reading one page at a time:

  • Search 49,000+ Central and State enactments by what a provision says, not by its number
  • Jump from any section to every judgment that has applied it
  • Search 300 million+ Indian court records alongside the statute
  • Ask a research agent to find and read the case law on a provision for you

Free account. No card. About a minute to create.

Create a free account

Need this as data, not as a page? S.O.1242(E) 08.03.2019-Island Protection Zone Notification 2019 is one of 49,000+ enactments on CourtMesh. The Indian court cases API serves the case law that cites these provisions over JSON, with API documentation and plans and pricing. See also the judgment library.