(1) इस प्रकार संख्यांदकत िावा जबलों को तत्पश्चात लेखा-प्रमुख द्वारा िावों की िांच के जलए व्यय करने वाल ेजवभाग के प्रमुख को भेिा िाएगा।
(2) जवभाग प्रमुख या उसके जवभाग का कोई प्राजधकृत अजधकारीजबलों की िांच के बाि प्ररूप 24एम में एकआकजस्ट्मकिावा जबल तैयार करके इसकी सटीकता और वास्ट्तजवकता को स्ट्वीकारकरते हुए िस्ट्ताक्षर करेगा तथा जबल का पूरा ब्यौरा, स्ट्वीकायचता, कटौती और बिट िीषच, स्ट्वीकृत बिट की कुल राजि और आि तक उपयोग की गई राजि की प्रजवजि भी आकजस्ट्मक िावा जबल में की िाएगी और िावेिार के जबल को एकसिायक िस्ट्तावेि के रूप में संलग्न दकया िाएगा।
(3) आकजस्ट्मक िावा जबल बनाने वाला व्यजक्त यि सुजनजश्चत करने के जलए व्यजक्तगत रूप से उत्तरिायी िोगा दक जबल सिी व पूणच ि ै और भुगतान के स्ट्वरूप की पयाचप्त िानकारी ि े रिा िै और िब जबल में बोडच को िेय वसूली या समायोिन के िावे िाजमल िों, तो आकजस्ट्मक िावा जबल में िावे की सकल राजि,वसूली गई राजि या समायोजित राजि, वसूली या समायोिन के कारण और िावेिार को िुद्ध िये राजि को ििाचया िाएगा।
(4) जवजभन्न लेखा िीषों के जवरूद्ध प्रभार, ििां तक संभव िो, को उस आकजस्ट्मक िावा जबल में िाजमल निीं दकया िाएगा।
(5) आकजस्ट्मक िावा जबल तयैार करत ेसमय - (क) लेखा-प्रमुख यि सत्यापन करेगा दक कायच आिेि में उल्लेख की गई कर कटौती की िर लाग ू िरों केअनुसार उपयकु्त रूप से अद्यतन िैं और जवजध अनुरूप या कायच आिेि की ितों के तित जनधाचठरत अन्द्य कटौजतयां ववसूली को जवजधवत नोट कर जलया गया ि ैव परूा कर जलया गया िै;
(ख) जवभाग प्रमुख स्ट्पि रूप से यि भी अजभजलजखत करेगा दक क्या भुगतान दकया िा रिा जबल प्रथम जबल, चालू जबल या अंजतम जबल भुगतान ि;ै (ग) लेखा-प्रमुख को यि भी ध्यान िेना िोगा दक उसन ेकायच आिेि का कथन, जवत्तीय मंिूरीसजितआधारभूत स्ट्वीकृजत,प्ररूप 25एम में कायच आिेि रजिस्ट्टर और प्ररूप 26एम में माप-पुजस्ट्तका में प्रजवजियों को सत्याजपत कर जलया ि ैतथा पाया गया दक इस संबंध में पूरी प्रदक्रया का अनुपालन दकया गया था;
(घ) जवभाग प्रमुख वतचमान चालू जबल के जवरूद्ध आकजस्ट्मक िावा जबल, इसी कायच आिेि के जलए पिल ेदकए गए सभी भुगतानों का क्रमवार कथन, पूरे दकए गए काम का ब्यौरा, दकए गए भुगतान, लागू कटौजतयां और उक्त कायच के संबंध में प्रजतभूजत रोकन ेआदि की ओर ध्यान िेंगे। आकजस्ट्मकिावा जबल में भुगतान के जलए मंिूर की गई सकल राजि और कटौती पर जवचार के बाि उस पर लागू आितक की जवजिि कटौजतयों का उल्लेख दकया िाएगा;
(ङ) ििां िावे प्ररूप का संबंध अंजतम जबल से ि ैतो जवभाग प्रमुख जनयम 126के अनुसार अपजेक्षत के अलावा सत्याजपत करेगा दक प्राजधकृत अजधकारी द्वारा समापन प्रमाण-पत्र िारी कर दिया गया ि,ै प्रजतभूजत लौटान े की ितें और कजमयां और िोष बताने का समय नोट कर जलया गया ि ैऔर इस संबंध में एक प्रमाण-पत्र प्राप्त कर जलया गया ि ैदक पठरणामी संपजत्त उपभोग के जलए तैयार ि।ै
(6) यदि िावेिार से,अंजतम जबल के भुगतान के समय प्रजतभूजत िमा प्राप्त कर ली गई ि;ै तो एक जनजश्चत अवजध के जलए िमा को िारी रखन ेया प्रजतभूजत िमा के सम्पपूणच या एक भाग के ठरलीि को प्राजधकृत करत ेहुए आकजस्ट्मक िावा जबल में ििच करा िानाचाजिए। 24 THE GAZETTE OF INDIA : EXTRAORDINARY [PART II—SEC. 4]
(7) संबंजधत जवभाग के प्रमुख द्वारा तैयार आकजस्ट्मक िावा जबल को लेखा-प्रमुख के अनुमोिन ितेु अग्रेजषत दकया िाएगा।