(1) ििां आवश्यक िो, वेतन जबल से कटौजतयों के रूप में मुख्यतः जनम्नजलजखत वसूली की िाएंगी:- (क) स्ट्थापना के सिस्ट्यों पर लगाए गए िुमाचने;
(ख) कमचचाठरयों को दिए गए ऋण और अजग्रम की वसूली;
(ग) पेंिन और भजवष्य जनजध के अजभिान की वसूली (अध्याय XI में जवजित अनुसार);
(घ) कमचचाठरयों द्वारा प्रजतभूजत िमा के कारण वसूली;
(ङ) अजग्रम वेतन की वसूली;
(च) अन्द्य वसूली (वेतन जबल में जवषेिरूप से इंजगत दकया िाए) िैसे आयकर, बीमा प्रीजमयम, कमचचाठरयों द्वारा बैंकों व अन्द्य सावचिजनक क्षेत्र के जवत्तीय संस्ट्थानों से जलए गए ऋण बोडच या मुख्य कायचपालक अजधकारी, यथाजस्ट्थजत,द्वारा प्राजधकृत िों;
28 THE GAZETTE OF INDIA : EXTRAORDINARY [PART II—SEC. 4] (छ) जविेष वसूली अजधकारी के आिेि या अन्द्य अिालत आदि के आिेि द्वारा सिकारी सजमजत की बकाया राजि की वसूली।
(2) ऊपरजलजखत वसूजलयों को सिी ढंग से वगीकृत दकया िाएगा और संबंजधत लेिर अकाउंट में प्रजवजि की िाएगी।