(1) बालक᳇ारा अिभकिथत ᱨप से ᳰकए गए जघ᭠य अपराधᲂ के मामलᲂ मᱶ जहां अिधिनयम कᳱ धारा 15 के अधीन ᮧाथिमक िनधाᭅरण के बाद बोडᭅ मामले का िनपटान करने का िनणᭅय लेता ह ैवहां बोडᭅ, अिधिनयम कᳱ धारा 18 मᱶ यथा िविन᳸द᳥ िनपटान आदशेᲂ मᱶ से कोई एक आदशे पाᳯरत कर सकेगा।
(2) कोई भी आदशे पाᳯरत करने के पूवᭅ, बोडᭅ अपने आदशेानुसार पᳯरवीᭃा अिधकारी या बाल क᭨याण अिधकारी या सामािजक कायᭅकताᭅ ᳇ारा ᮧᱨप 6 मᱶ तैयार कᳱ गई सामािजक अ᭠वेषण ᳯरपोटᭅ ᮧा᳙ करेगा और उस ᳯरपोटᭅ के िन᭬कषᲄ पर िवचार करेगा।
(3) बोडᭅ ᳇ारा पाᳯरत सभी िनपटान आदशेᲂ मᱶ, संबंिधत िविध का उ᭨लंघन करने वाले बालक के िलए अिनवायᭅ ᱨप से ᳞िᲦगत दखेरेख योजना को शािमल ᳰकया जाएगा। यह ᳞िᲦगत दखेरेख योजना उस बालक और यᳰद संभव हो तो उसके पᳯरवार से िवचार-िवमशᭅ के आधार पर पᳯरवीᭃा अिधकारी अथवा बाल क᭨याण अिधकारी अथवा ᳰकसी मा᭠याताᮧा᳙ ᭭वैि᭒छक संगठन ᳇ारा ᮧᱨप 7 मᱶ तैयार कᳱ जाएगी।
(4) िजन मामलᲂ मᱶ बोडᭅ को यह िव᳡ास हो जाए ᳰक ᳰकसी बालक को िवशेष गृह मᱶ रखना न तो ᭭वयं उसके िहत मᱶ और न ही अ᭠य बालकᲂ के िहत मᱶ ह,ै उन मामलᲂ मᱶ, बोडᭅ उस बालक को सुरिᭃत ᭭थान पर इस ᮧकार रखे जाने का आदशे पाᳯरत कर सकता ह,ै िजस ᮧकार बोडᭅ को उपयुᲦ ᮧतीत हो।
(5) िजन मामलᲂ मᱶ बोडᭅ बालक को सलाह या भ᭜सᭅना या सामूिहक परामशᭅ मᱶ बालक कᳱ भागीदारी के प᳟ात िनमुᭅᲦ करता ह ैया उसे सामुदाियक सेवा करने का आदशे दतेा ह,ै उन मामलᲂ मᱶ बोडᭅ िजला बाल संरᭃण इकाई को ऐसे परामशᭅ एवं सामुदाियक सेवा कᳱ ᳞व᭭था कराने का िनदᱷश भी जारी करेगा।
(6) िजन मामलᲂ मᱶ बोडᭅ िविध का उ᭨लंघन करने वाले बालक को पᳯरवीᭃा पर छोड़ते ᱟए उसे उसके माता-िपता या संरᭃक या ᳰकसी उपयुᲦ ᳞िᲦ कᳱ दखेरेख मᱶ रखे जाने का िनदᱷश दतेा ह,ै उन मामलᲂ मᱶ िजस ᳞िᲦ कᳱ दखेरेख मᱶ उस बालको छोड़ा जाता ह,ै उस ᳞िᲦ को ᮧᱨप 8 मᱶ यह िलिखत वचनपᮢ ᮧ᭭तुत करना होगा ᳰक अिधकतम तीन वषᲄ तक वह बालक का अ᭒छा ᳞वहार एवं क᭨याण सुिनि᳟त करेगा।
(7) बोडᭅ िविध का उ᭨लंघन करने वाले बालक को ᮧᱨप 9 मᱶ मुचलके पर छोड़ने का िनणᭅय ले सकेगा।
(8) यᳰद िविध का उ᭨लंघन करने वाले बालक को उपयुᲦ सुिवधा या िवशेष गृह मᱶ रखा जाता ह ैतो बोडᭅ इस बात का ᭟यान रखेगा ᳰक वह उपयुᲦ सुिवधा या िवशेष गृह उस बालक के माता-िपता या संरᭃक के िनवास᭭थान के ᭔यादा से ᭔यादा िनकट हो, िसवाए उन मामलᲂ के िजनमᱶ ऐसा करना बालक के सवᲃᱫम िहत मᱶ न हो। ¹Hkkx IIµ[k.M 3(i)º Hkkjr dk jkti=k % vlk/kj.k 9
(9) िजस मामले मᱶ बोडᭅ िविध का उ᭨लंघन करने वाले बालक को पᳯरवीᭃा पर िनमुᭅᲦ करता ह ैऔर उसे उसके माता-िपता या संरᭃक या ᳰकसी उपयुᲦ ᳞िᲦ कᳱ दखेरेख मᱶ रखता है या जहां बालक को पᳯरवीᭃा पर िनमुᭅᲦ करता है और उसे उपयुᲦ सुिवधा कᳱ दखेरेख मᱶ रखता ह,ै उस मामले मᱶ बोडᭅ यह आदशे भी द ेसकेगा ᳰक उस बालक को पᳯरवीᭃा अिधकारी कᳱ िनगरानी मᱶ रहना होगा, जो ᮧᱨप 10 मᱶ आविधक ᳯरपोटᱸ ᮧ᭭तुत करेगा और ऐसी िनगरानी कᳱ अविध अिधकतम तीन वषᭅ होगी।
(10) जहां बोडᭅ को ऐसा ᮧतीत होता ह ैᳰक िविध का उ᭨लंघन करने वाले बालक ने पᳯरवीᭃा कᳱ शतᲄ का अनुपालन नहᱭ ᳰकया ह,ै उस मामले मᱶ बोडᭅ, संबंिधत बालक को अपने समᭃ ᮧ᭭तुत ᳰकए जाने का आदशे द ेसकेगा और िनगरानी कᳱ शेष अविध के िलए उस बालक को िवशेष गृह मᱶ या सुरिᭃत ᭭थान पर भेज सकेगा।
(11) ᳰकसी भी मामले मᱶ, ᳰकसी बालको िवशेष गृह मᱶ या सुरिᭃत ᭭थान पर रखे जाने कᳱ अविध अिधिनयम कᳱ धारा 18 कᳱ उप- धारा (1) के खंड (छ) मᱶ उपबंिधत अिधकतम अविध से ᭔यादा नहᱭ होगी।