(1) बहुमत स्ट्िाजमत्ि में कोई पररितवन या पटे्टिार या अनुज्ञजप्तधारी के जनयंत्रण में पररितवन केिल प्रिासजनक प्राजधकरी के पूिव अनुमोिन से ही दकया िा सकेगा। [भाग II—खण् ड 3(i)] भारत का रािपत्र : असाधारण 27
(2) पटे्टिार या अनुज्ञजप्तधारी प्रिासजनक प्राजधकारी को एक आिेिन प्रस्ट्तुत करेगा, जिसमें जिद्यमान िेयरधाररता पैटनव, बहुसंख्यक स्ट्िाजमत्ि या जनयंत्रण में पररितवन के पररणामस्ट्िरूप बना िोयरधाररता पैटनव आने िाले स्ट्िामी का जनम्नजलजखत जििरण, सजम्मजलत होगा, अर्ावत्:— (क) स्ट्र्ायी खाता संख्या या कर कटौती और संग्रह खाता संख्या;
(ख) रजिस्ट्रीकृत कायावलय या कायावलय का पता; तर्ा (ग) कॉरपोरेट जनकायों के मामले में जनगमन प्रमाण पत्र और संिैधाजनक िस्ट्तािेिों की प्रजत।
(3) पटे्टिार या अनुज्ञजप्तधारी ऐसी अजतररि िानकारी प्रिान करेगा िो प्रिासजनक प्राजधकारी द्वारा मांगी िाए।
(4) प्रिासजनक प्राजधकारी, केन्द्रीय सरकार के अनुमोिन के अधीन, नब्बे दिनों की अिजध के भीतर उपजनयम (2) के अधीन दकए गए आिेिन पर अपन ेजनणवय से अिगत कराएगा। स्ट्पष्टीकरण.— इस जनयम के प्रयोिनों के जलए, "जनयंत्रण" पि से कंपनी अजधजनयम, 2013 (2013 का 18) की धारा 2 के खंड (27) में दिया गया पि अजभप्रेत ह।ै