(1)इन िनयमᲂ के अधीन मंजरू कᳱ गई ᮧ᭜ येक अनु᭄ि᳙ अिधिनयम या इन िनयमᲂ के उपबंधो या ऐसी अनु᭄ि᳙ मᱶ सि᭥मिलत ᳰकसी शतᭅ के उ᭨लंघन पर, अनु᭄ापन ᮧािधकारी के आदेश स,े या यᳰद ᳰकसी समय अनु᭄ि᳙धारी के पास अनु᭄ि᳙ का जारी रखना आपिᱫकारक समझा जाए तो के᭠ ᮤ ीय सरकार ᳇ारा िनलंिबत या र कᳱ जा सकती ह ै- पर᭠ त-ु
(i) इस िनयम के अधीन ᳰकसी अनु᭄ि᳙ को िनलि᭥बत या र करने स े पूवᭅ अनु᭄ि᳙धारक को सुनवाई का अवसर ᳰदया जाएगा;
(ii) िनल᭥बन कᳱ अविध अिधकतम तीन मास से अिधक कᳱ न होगी; और
(iii) अनु᭄ि᳙ िनलि᭥बत हो जाने स ेअनु᭄ि᳙धारी िनयम 55 के उपबंधᲂ के अनुसार उसके नवीकरण के िलए आवेदन करने स ेिववᳶजत नहᱭ होगा।
(2)उपिनयम (1) मᱶ ᳰकसी बात के होत ेᱟए भी, िन᭥ निलिखत दशाᲐ मᱶ अन ु᭄ि᳙ को िनलंिबत या र करने के पूवᭅ अनु᭄ि᳙धारी को सनुवाई का अवसर नहᱭ भी ᮧदान ᳰकया जा सकता –
(i) जहां अन ु᭄ि᳙ अिधिनयम या इन िनयमᲂ के उपबंधᲂ मᱶ ऐसी ᳰकसी के या ऐसे अनु ᭄ि᳙ मᱶ सि᭥मिलत ᳰक᭠ ही शतᲄ के अितᮓमण के िलए अं तᳯरम उपाय के ᱨप मᱶ िनलंि᭥बत कर दी जाती ह ै या उसकᳱ राय मᱶ, ऐस े अितᮓमण स ेजनता को आस᭠ न खतरा होने कᳱ संभावना ह ै:
पर᭠ तु जहा अन ु᭄ि᳙ इस ᮧकार स े िनलंिबत कᳱ जाती ह ै वहां अनु᭄ापन ᮧािधकारी अन ु᭄ि᳙धारक को िनलंबन के आदशे को पु᭬ ट करन ेके पूवᭅ सुनवाई का अवसर ᮧदान करेगा, अथवा
(ii) जहा अन ु᭄ि᳙ के᭠ ᮤ ीय सरकार ᳇ारा िनलंिबत या र कᳱ जाती है यᳰद वह सरकार समझती ह ैᳰक लोकिहत मᱶ या रा᭔ य कᳱ सुरᭃा के िहत मᱶ ऐसा अवसर ᮧदान नहᱭ ᳰकया जाना चािहए।
(3) उपिनयम (1) के अधीन अन ु᭄ि᳙ को िनलिंबत या र करने वाला मु य िनयंᮢक या िनयंᮢक या के᭠ ᮤ ीय सरकार अनु᭄ि᳙धारी को िलिखत मᱶ इसके कारण अवगत कराएंगे िसवाय जबᳰक अनु᭄ि᳙ उप-िनयम (2) के अंतगᭅत िनलि᭥बत कᳱ गई हो।