पी मᱶ िलिखत ᱨप मᱶ करेगा और उस िच᭮न कᳱ दो ᮧितया ंदगेा जैसा ᳰक वह ऐसा पᳯरवᳶधत ᳰकए जाने या पᳯरवᳶतत ᳰकए जाने के प᳟ात ्ᮧतीत होगा। आवेदन और इस भांित संशोिधत या पᳯरवᳶतत िच᭮न कᳱ ᮧित तामील आवेदक ᮧ᭜येक रिज᭭ᮝीकृत उपयोᲦा पर, यᳰद कोई से, कराएगा।
103. िनणᭅय आᳰद के पूवᭅ िव᭄ापन- (1) रिज᭭ᮝार िनयम 102 के अधीन आवेदन पर िवचार करेगा और यᳰद उसे यह बात समीचीत ᮧतीत हो, तो आवेदन पर िनणᭅय करने के पूवᭅ उसे जरनलमᱶ िव᭄ािपत कराएगा।
(2) उपिनयम (1) के अधीन िव᭄ापन कᳱ तारीख से तीन मास के भीतर कोई ᳞िᲦ आवेदन का िवरोध करने कᳱ सूचना ᮧᱨप ᳞ा.िच.-पी मᱶ दे सकेगा। सूचना कᳱ एक ᮧित रिज᭭ᮝार रिज᭭ᮝीकृत ᭭व᭜वधारी को और ᮧ᭜येक रिज᭭ᮝीकृत या अनु᭄ात उपयोᲦा को यᳰद कोई हो, ततᭃण भेजेगा और रिज᭭ᮝीकृत ᭭व᭜वधारी अपन ेको ऐसी ᮧितयᲂ के िमलन ेसे दो मास के भीतर उन आधारᲂ वाला एक ᮧितकथन िजन पर िवरोध का ᮧितिवरोध ᳰकया गया ह,ै रिज᭭ᮝार को ᮧᱨप ᳞ा. िच.-ओ मᱶ भेजेगा। यᳰद रिज᭭ᮝीकृत ᭭व᭜वधारी ऐसा ᮧितकथन भेजता है तो रिज᭭ᮝार उसकᳱ एक ᮧित तामील िवरोध कᳱ सूचना दनेे वाले ᳞िᲦ पर एक मास के भीतर करायेगा और िवरोध पर होने वाली और कायᭅवािहयᲂ के संबंध मᱶ िनयम 45 से लेकर िनयम 51 तक के उपबंध यथापᳯरवᳶतत ᱨप मᱶ लागू हᲂगेः परंतु ᳰक जहाँ रिज᭭ᮝीकृत ᭭व᭜वधारी ऐसा ᮧितकथन िनधाᭅᳯरत समय के भीतर दनेे मᱶ असफल रहता ह ैतो उस आवेदन को पᳯर᭜यᲦ ᱟआ सा मान िलया जाएगा।
(3) यᳰद उपिनयम (2) मᱶ िविन᳸द᳥ समय के भीतर कोई िवरोध नहᱭ ᳰकया जाता है तो रिज᭭ᮝार आवेदक को उस दशा मᱶ सुनने के प᳟ात् िजसमᱶ ᳰक आवेदक ऐसी इ᭒छा ᮧकट करता ह,ै आवेदक को मंजूर या नामंजूर कर सकेगा और आवेदक को अपने िविन᳟य को िलिखत संसचूना दगेा।
104. िविन᳟य, िव᭄ापन, अिधसूचना- यᳰद रिज᭭ᮝार आवेदन को मंजूर करने का िविन᳟य करता ह ैतो यह रिज᭭टर मᱶ िच᭮न पᳯरवᳶतत करेगा और जनरल मᱶ एक अिधसूचना ᮧकािशत कर िच᭮न पᳯरवᳶतत कर ᳰदया गया ह।ै