सी मᱶ तलाशी करवाने के िलए और ᮧितिल᭡यिधकार अिधिनयम, 1957 (1957 का 14) कᳱ धारा 45 कᳱ उपधारा (1) के अधीन इस ᮧभाव का ᮧमाणपᮢ जारी करने के िलए िनवेदन कर सकेगा ᳰक ऐसी कला᭜मक कृित के िजसे ᮧितिल᭡यिधकार अिधिनयम, 1957 (1957 का 14) के अधीन ᮧितिल᭡यिधकार के ᱨप मᱶ रिज᭭ᮝीकृत कराने के िलए चाहा गया है, तदᱨप या इतना समᱨप िजसस ेधोखा हो जाए, कोई ᳞ापार िच᭮न अिधिनयम, 1999 (1999 का 47) के अधीन ᳞ापार िच᭮न के ᱨप मᱶ आवेदक से िभ᳖ ᳰकसी ᳞िᲦ के नाम मᱶ रिज᭭ᮝीकृत नहᱭ ᳰकया गया ह ैया ᳰक आवेदक से िभ᳖ ᳰकसी ᳞िᲦ ᳇ारा पुन: रिज᭭ᮝीकरण के िलए उस अिधिनयम के अधीन कोई आवेदन नहᱭ ᳰकया गया ह।ै ᮧमाणपᮢ सामा᭠यत: िनवेदन कᳱ तारीख से कायᭅकरण के 30 ᳰदन के भीतर जारी ᳰकए जाएंगे;
पर᭠तु रिज᭭ᮝार आवेदक से अपेᭃाᲐ के िववरण के िलए मांग कर सकेगा और यᳰद अपेᭃाᲐ का उस िववरण के ऐसे मांगे जाने कᳱ तारीख से दो मास के भीतर अनुपालना नहᱭ ᳰकया जाता ह ैतो ᮧᱨप ᳞ा. िच.- सी पर उस िनवेदन के बारे मᱶ यह माना जा सकेगा ᳰक उसका पᳯर᭜याग कर ᳰदया गया ह।ै 8 THE GAZETTE OF INDIA : EXTRAORDINARY [PART II—SEC. 3(i)]
(2) रिज᭭ᮝार ऊपर वᳶणत उपिनयम (1) के अधीन जारी ᳰकए गए ᮧमाणपᮢ को सूचना दनेे और उन आधारᲂ का कथन करने के प᳟ात ्िजन पर रिज᭭ᮝार ᮧमाणपᮢ को र करने कᳱ ᮧ᭭थापना करता ह ैऔर सुनवाई के िलए युिᲦयुᲦ अवसर ᮧदान करने के प᳟ात,् र कर सकेगा।
(3) उप िनयम (1) के पर᭠तुक या उप िनयम (2) के अधीन रहते ᱟए, रिज᭭ᮝार ऐसी तलाशी के िलए ᮧथम अनुसूची मᱶ िन᳸द᳥ आवेदन शु᭨क के संदाय पर ᮧᱨप ᳞ा. िच.- सी मᱶ ᮧा᳙ िनवेदन पर ᮧितिल᭡यिधकार अिधकार, 1957 (1957 का 14) कᳱ धारा 45 कᳱ उपधारा (1) के अधीन ᭜वᳯरत ᮧमाणपᮢ साधारणतया सात ᳰदनᲂ के भीतर जारी करेगा।
(4) यथाि᭭थित, ᮧᱨप ᳞ा. िच.-सी मᱶ उस िनवेदन का पᳯर᭜याग करने से पूवᭅ मांगी गई अपेᭃाᲐ के िववरण कᳱ अननुपालना के िलए रिज᭭ᮝार उस मामले मᱶ सुनवाई के अवसर कᳱ ᮧ᭭थापना करेगा। अ᭟याय 2 ᳞ापार िच᭮नᲂ के रिज᭭ᮝीकरण के िलए ᮧᳰᮓया